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हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय में राष्ट्रीय बीमा कंपनी बनाम माली मामला: राष्ट्रीय लोक अदालत में समझौते से विवाद का निपटारा

14 मार्च 2026 को में एक महत्वपूर्ण मामले का समाधान राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से किया गया। इस मामले में अपीलकर्ता थी, जबकि प्रतिवादी के रूप में श्रीमती माली पक्षकार थीं। यह मामला एफएओ संख्या 348/2024 के रूप में न्यायालय के समक्ष आया था और इसका संबंध एक मुआवजा विवाद से था।

मामले की पृष्ठभूमि

यह विवाद मूल रूप से के अंतर्गत दायर दावे से जुड़ा हुआ था। इस मामले में पहले चंबा (हिमाचल प्रदेश) के कर्मचारी मुआवजा आयुक्त द्वारा 28 अगस्त 2023 को आदेश पारित किया गया था। उस आदेश के खिलाफ बीमा कंपनी ने उच्च न्यायालय में अपील दायर की थी।

जब मामला सुनवाई के लिए आया तो इसे समाधान के लिए राष्ट्रीय लोक अदालत के समक्ष भेज दिया गया। लोक अदालत का उद्देश्य लंबित विवादों को आपसी सहमति और सौहार्दपूर्ण तरीके से शीघ्र निपटाना होता है।

राष्ट्रीय लोक अदालत में समझौता

लोक अदालत के समक्ष दोनों पक्षों ने स्वेच्छा से और बिना किसी दबाव के आपसी सहमति से विवाद का निपटारा करने का निर्णय लिया। प्रतिवादी पक्ष की ओर से अधिवक्ता ने बताया कि उन्हें श्रीमती माली की ओर से समझौता करने के लिए विधिवत अधिकृत किया गया है।

समझौते के अनुसार कुल मुआवजा राशि को दो भागों में बांटा गया:

दोनों राशियों पर जमा की तारीख से आनुपातिक ब्याज भी लागू होगा।

न्यायालय का निर्णय

पक्षकारों के बीच हुए इस समझौते को देखते हुए उच्च न्यायालय ने कर्मचारी मुआवजा आयुक्त, चंबा द्वारा पारित आदेश में आवश्यक संशोधन कर दिया। अदालत ने माना कि चूंकि दोनों पक्षों ने स्वतंत्र इच्छा से विवाद का समाधान कर लिया है, इसलिए समझौते के आधार पर मामले को अंतिम रूप से निपटाया जाना उचित है।

लोक अदालत की भूमिका

यह मामला यह दर्शाता है कि राष्ट्रीय लोक अदालत न्यायिक प्रणाली में कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। लोक अदालतों के माध्यम से:

निष्कर्ष

नेशनल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड बनाम माली मामले में हुआ समझौता इस बात का उदाहरण है कि वैकल्पिक विवाद निपटान तंत्र (ADR) के माध्यम से जटिल कानूनी विवादों का भी शांतिपूर्ण और प्रभावी समाधान संभव है। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से हुए इस समझौते ने न केवल पक्षकारों के बीच विवाद समाप्त किया, बल्कि न्यायिक प्रक्रिया को भी अधिक प्रभावी बनाने में योगदान दिया।

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