
प्रतापगढ़। उत्तर प्रदेश के बुनियादी ढांचे को नई दिशा देते हुए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज प्रदेश के सबसे लंबे और महत्वाकांक्षी ‘गंगा एक्सप्रेसवे’ का वर्चुअल माध्यम से भव्य लोकार्पण किया। करीब 594 किलोमीटर लंबा यह एक्सप्रेसवे राज्य के विकास में मील का पत्थर माना जा रहा है। इस ऐतिहासिक क्षण का सीधा प्रसारण प्रतापगढ़ जनपद के लालगंज तहसील अंतर्गत सराय संग्राम सिंह टोल प्लाजा पर बड़ी डिजिटल स्क्रीन के माध्यम से किया गया, जहां स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी रही।
सराय संग्राम सिंह टोल प्लाजा बना आयोजन का केंद्र
लोकार्पण कार्यक्रम के अवसर पर सराय संग्राम सिंह टोल प्लाजा पर विशेष आयोजन किया गया, जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके आगमन पर जिलाधिकारी शिवसहाय अवस्थी और पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर द्वारा उनका औपचारिक स्वागत किया गया। कार्यक्रम के दौरान पुलिस बल द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर भी प्रस्तुत किया गया।
इसके बाद उपस्थित सभी अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने प्रधानमंत्री के संबोधन और एक्सप्रेसवे के लोकार्पण कार्यक्रम का लाइव प्रसारण देखा, जिसे लेकर पूरे परिसर में उत्साह का माहौल देखने को मिला।
‘गंगा एक्सप्रेसवे’— विकास की नई धुरी
‘गंगा एक्सप्रेसवे’ को उत्तर प्रदेश की कनेक्टिविटी को मजबूत करने की दिशा में एक ऐतिहासिक परियोजना के रूप में देखा जा रहा है। यह एक्सप्रेसवे राज्य के कई महत्वपूर्ण जनपदों को जोड़ते हुए औद्योगिक, आर्थिक और सामाजिक विकास को गति देगा। इसके माध्यम से यात्रा का समय कम होगा और व्यापारिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
सुरक्षा और निगरानी के पुख्ता इंतजाम
कार्यक्रम की सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर ने स्वयं कार्यक्रम की कमान संभाली और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
- भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा: कार्यक्रम स्थल पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था, जिससे किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
- सीसीटीवी निगरानी: पूरे परिसर की निगरानी आधुनिक सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से की गई।
- 41 किलोमीटर सुरक्षा योजना: प्रतापगढ़ जनपद के 55 गांवों से गुजरने वाले एक्सप्रेसवे के 41 किलोमीटर हिस्से पर भविष्य की सुरक्षा व्यवस्था और गश्त योजना का मौके पर ही निरीक्षण किया गया।
यातायात प्रबंधन पर विशेष फोकस
लोकार्पण के बाद एक्सप्रेसवे पर वाहनों के सुचारू संचालन के लिए यातायात पुलिस को विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए। प्रवेश और निकास मार्गों को व्यवस्थित करने के साथ-साथ संभावित ट्रैफिक दबाव को ध्यान में रखते हुए योजना तैयार की गई है।
हाईवे पेट्रोलिंग और त्वरित सहायता
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि एक्सप्रेसवे पर यात्रा करने वाले नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए विशेष पुलिस टीमें (PRV और हाईवे पेट्रोल) तैनात की जाएंगी। किसी भी आपात स्थिति में त्वरित सहायता और न्यूनतम रिस्पॉन्स टाइम सुनिश्चित करने के लिए आधुनिक संसाधनों का उपयोग किया जाएगा।
‘गंगा एक्सप्रेसवे’ का लोकार्पण न केवल उत्तर प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाला कदम है, बल्कि यह प्रदेश के विकास की रफ्तार को भी तेज करेगा। प्रतापगढ़ में हुए इस आयोजन ने यह स्पष्ट कर दिया कि प्रशासन इस परियोजना को सुरक्षित और सफल बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
यह एक्सप्रेसवे आने वाले समय में प्रदेश के आर्थिक और सामाजिक विकास का प्रमुख आधार बनने की दिशा में एक मजबूत कदम साबित होगा।
