
नई दिल्ली/शिलांग:
भारत में प्रशासनिक तंत्र को अधिक सक्षम, पारदर्शी और तकनीक-संचालित बनाने के उद्देश्य से 13 और 14 जुलाई 2026 को मेघालय की राजधानी शिलांग में “नेक्स्ट-जेन प्रशासनिक एवं ई-गवर्नेंस सुधार” विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इस सम्मेलन में सुशासन, डिजिटल प्रशासन और नागरिक सेवाओं में नवाचार से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर व्यापक चर्चा होगी।
उद्घाटन सत्र में रखी जाएगी भविष्य की प्रशासनिक सोच
सम्मेलन का उद्घाटन केंद्रीय कार्मिक राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह तथा मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा करेंगे। उद्घाटन संबोधन के दौरान दोनों नेता प्रशासनिक सुधारों, डिजिटल परिवर्तन और भविष्य की शासन व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक कदमों पर अपने विचार साझा करेंगे।
देशभर के विशेषज्ञ करेंगे अनुभवों का आदान-प्रदान
इस आयोजन में देश के विभिन्न राज्यों से 30 से अधिक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, जिला कलेक्टर, नीति-निर्माता और ई-गवर्नेंस विशेषज्ञ शामिल होंगे। प्रतिभागी अपने क्षेत्रों में लागू किए गए सफल प्रशासनिक प्रयोगों, तकनीकी नवाचारों और बेहतर सेवा वितरण के मॉडल प्रस्तुत करेंगे, ताकि अन्य राज्य भी इन अनुभवों से प्रेरणा लेकर उन्हें अपनाने पर विचार कर सकें।
नागरिकों के लिए आसान और पारदर्शी सेवाओं पर रहेगा फोकस
सम्मेलन का प्रमुख उद्देश्य ऐसी प्रशासनिक व्यवस्था को बढ़ावा देना है, जिसमें सरकारी सेवाएँ नागरिकों तक तेज़ी, सरलता और पारदर्शिता के साथ पहुँच सकें। डिजिटल प्लेटफॉर्म के प्रभावी उपयोग, ऑनलाइन सेवाओं के विस्तार और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक सुगम बनाने जैसे विषय चर्चा के केंद्र में रहेंगे।
तकनीक आधारित प्रशासनिक सुधारों पर होगा विशेष मंथन
वर्तमान समय में सुशासन का अर्थ केवल नीतियाँ तैयार करना नहीं, बल्कि उनका प्रभावी और परिणामकारी क्रियान्वयन भी है। इसी दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए सम्मेलन में जवाबदेही, पारदर्शिता, नवाचार, डेटा-आधारित निर्णय प्रणाली और आधुनिक तकनीकों के उपयोग पर विस्तार से विचार किया जाएगा। इन पहलों से प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक दक्ष और उत्तरदायी बनाने की दिशा में नई रणनीतियाँ सामने आने की उम्मीद है।
डिजिटल गवर्नेंस को मिलेगी नई गति
ई-गवर्नेंस के माध्यम से सरकारी सेवाओं को डिजिटल रूप में उपलब्ध कराने से नागरिकों का समय बचता है, प्रक्रियाएँ सरल होती हैं और सेवा वितरण में पारदर्शिता बढ़ती है। शिलांग में आयोजित यह राष्ट्रीय सम्मेलन डिजिटल प्रशासन को नई दिशा देने के साथ-साथ भविष्य की प्रशासनिक आवश्यकताओं के अनुरूप प्रभावी समाधान विकसित करने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करेगा।
निष्कर्ष
“नेक्स्ट-जेन प्रशासनिक एवं ई-गवर्नेंस सुधार” राष्ट्रीय सम्मेलन भारत की प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक आधुनिक, जवाबदेह और नागरिक-केंद्रित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इस सम्मेलन से सामने आने वाले सुझाव, नवाचार और सफल मॉडल आने वाले वर्षों में शासन प्रणाली को अधिक पारदर्शी, तकनीक-सक्षम और जनहितैषी बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।
