
उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले की पुलिस ने एक बार फिर अपनी सक्रियता का परिचय देते हुए समाज में अनुशासन बनाए रखने की मिसाल पेश की है। गंगा नदी के पावन तट पर शिष्टाचार और मर्यादा का उल्लंघन करने वाले छह युवकों के विरुद्ध पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें पुलिस एक्ट के तहत चालानी कार्रवाई में शामिल किया। ये युवक, जो नोएडा और राजस्थान के निवासी बताए जा रहे हैं, गंगा नदी के किनारे हुक्का पीते हुए पाए गए थे।
ऑपरेशन ‘लगाम’ के तहत कार्रवाई
टिहरी पुलिस ने इस संपूर्ण कार्रवाई को ऑपरेशन ‘लगाम’ के अंतर्गत अंजाम दिया। पुलिस का यह अभियान गंगा तटों की पवित्रता और शांति बनाए रखने के लिए चलाया जा रहा है। इस अभियान का मकसद गंगा घाटों पर असामाजिक गतिविधियों और अनुशासनहीनता पर रोक लगाना है। पुलिस की मुस्तैदी से यह संदेश साफ हो गया है कि गंगा तटों पर किसी भी प्रकार की अशोभनीय गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
पुलिस की अपील और जिम्मेदारी
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे गंगा घाटों पर सदाचरण का पालन करें और किसी भी तरह की अनुचित गतिविधियों की जानकारी पुलिस को अवश्य दें ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके। इस प्रकार की कार्रवाइयों से न केवल गंगा की गरिमा सुरक्षित रहती है, बल्कि स्थानीय और आने वाले श्रद्धालुओं में भी सुरक्षा की भावना बनी रहती है।
निष्कर्ष
टिहरी पुलिस की यह कार्रवाई न केवल नियमों के पालन का संदेश देती है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि प्रशासन गंगा की पवित्रता बनाए रखने के लिए पूरी तरह सतर्क और प्रतिबद्ध है। ऐसे प्रयासों से समाज में अनुशासन और नैतिकता की भावना को बल मिलता है और सभी को प्रेरणा मिलती है कि वे अपने कर्तव्यों का पालन करें।