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भारत में शेयर बाजारों में उछाल: ईरान-इज़राइल संघर्षविराम से निवेशकों को राहत, अब निगाहें अमेरिकी टैरिफ फैसलों पर

Anoop singh

नई दिल्ली, 24 जून 2025 — मंगलवार सुबह भारतीय शेयर बाजारों में जबरदस्त तेजी देखी गई जब ईरान और इज़राइल के बीच संघर्षविराम की घोषणा की गई। यह समझौता पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता से हुआ, जिसने पश्चिम एशिया में जारी तनाव को अस्थायी रूप से कम कर दिया है। इससे वैश्विक और घरेलू निवेशकों में उम्मीद की लहर दौड़ गई।

दिन की शुरुआत में निफ्टी 50 सूचकांक 25,179.90 पर खुला, जो कि 208 अंक या 0.83% की बढ़त को दर्शाता है, वहीं बीएसई सेंसेक्स 637.82 अंकों की छलांग के साथ 82,534.61 पर पहुंच गया। विशेषज्ञों का मानना है कि इस संघर्षविराम से बाजार में अस्थायी स्थिरता आई है, जिससे निवेशकों को राहत मिली है।

क्यों बढ़ा बाजार?

भू-राजनीतिक तनाव में नरमी: इज़राइल-ईरान टकराव के कारण हाल के हफ्तों में वैश्विक बाजारों में भारी उतार-चढ़ाव देखा गया था। संघर्षविराम ने इस अनिश्चितता को फिलहाल कम कर दिया है।

निवेशकों का फोकस बदला: अब बाजार की नजरें आर्थिक संकेतकों और वैश्विक व्यापार नीति पर हैं, खासकर 9 जुलाई को अमेरिका द्वारा संभावित टैरिफ फैसलों पर।

वैश्विक राहत का असर: सिर्फ भारत ही नहीं, अन्य एशियाई बाजारों में भी तेजी देखी गई, जिससे स्पष्ट है कि यह एक वैश्विक राहत की लहर है।

क्या यह स्थायी है?

हालांकि संघर्षविराम ने बाजार को फिलहाल राहत दी है, लेकिन विशेषज्ञ चेतावनी देते हैं कि यह स्थायीत्व की गारंटी नहीं है। पश्चिम एशिया की संवेदनशील स्थिति को देखते हुए भविष्य में फिर से तनाव बढ़ सकता है। इसके साथ ही अमेरिका द्वारा टैरिफ संबंधी फैसलों से वैश्विक व्यापार पर असर पड़ सकता है, जिसका सीधा असर भारतीय बाजारों पर भी होगा।

आगे की राह

विश्लेषकों का कहना है कि:

यदि अमेरिका टैरिफ को लेकर नरम रुख अपनाता है, तो भारतीय बाजारों में यह तेजी आगे भी बरकरार रह सकती है।

वहीं, अगर टैरिफ कड़े हुए, तो निर्यात और विदेशी निवेश पर असर पड़ेगा, जिससे बाजार में गिरावट आ सकती है।

निष्कर्ष

इस समय भारतीय शेयर बाजार वैश्विक घटनाओं के प्रभाव में हैं। संघर्षविराम ने राहत दी है, लेकिन आने वाले हफ्ते विशेष रूप से अमेरिकी नीति निर्णयों के कारण चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं। निवेशकों को सतर्कता बरतनी चाहिए और वैश्विक रुझानों पर करीबी नजर रखनी चाहिए।


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