
नई दिल्ली, 29 जून 2025 — डिजिटल युग में इंटरनेट पर धोखाधड़ी के मामले तेजी से बढ़ते जा रहे हैं। आम नागरिकों को जागरूक करने और उन्हें साइबर अपराध से बचाने के उद्देश्य से भारत सरकार की प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेक यूनिट ने एक विशेष चेतावनी और मार्गदर्शिका जारी की है।
PIB Fact Check ने कहा है, “फर्जी वेबसाइट को पहचानना आसान है, बस सतर्क रहें।” यह अभियान विशेष रूप से सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर वायरल हो रहे फर्जी सरकारी योजनाओं, नकली ऑफरों और स्कैम साइटों के खिलाफ चलाया जा रहा है।
⚠️ पहचानिए फर्जी वेबसाइटों के संकेत:
1. वेब पता (URL) की गहराई से जांच करें
हमेशा “https://” से शुरू होने वाले URL को ही भरोसेमंद मानें। फर्जी वेबसाइटें अक्सर “http://” का इस्तेमाल करती हैं या किसी प्रतिष्ठित साइट के नाम की गलत वर्तनी का उपयोग करती हैं।
2. ताले का चिन्ह देखें 🔒
वेबसाइट के एड्रेस बार में ताले का चिन्ह सुरक्षित कनेक्शन का संकेत होता है। अगर यह न दिखे तो ऐसी साइट पर व्यक्तिगत जानकारी न भरें।
3. ‘अबाउट अस’ और ‘संपर्क’ सेक्शन की जांच करें
विश्वसनीय वेबसाइटों पर स्पष्ट और वास्तविक संपर्क जानकारी होती है। यदि वेबसाइट पर मोबाइल नंबर, ईमेल या पता नहीं है, तो वह संदिग्ध हो सकती है।
4. पॉप-अप और भड़काऊ विज्ञापन
अगर साइट पर अत्यधिक पॉप-अप्स या अश्लील/भ्रामक विज्ञापन दिखें तो बिना देर किए साइट से बाहर निकलें।
5. अविश्वसनीय वादे और मुफ्त ऑफर से सावधान रहें
“आज ही मुफ्त में लैपटॉप पाएं” या “सरकारी नौकरी तुरंत पाएँ” जैसे प्रस्तावों से बचें। ये अक्सर फर्जीवाड़े का हिस्सा होते हैं।
📢 नागरिकों के लिए सलाह:
PIB ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी योजना या ऑफर को अपनाने से पहले संबंधित सरकारी वेबसाइटों से उसकी पुष्टि करें। सोशल मीडिया पर मिलने वाली जानकारियों को बिना जांचे साझा न करें।
यह पहल भारत सरकार की डिजिटल सुरक्षा और साइबर जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम है, खासकर उन लोगों के लिए जो पहली बार इंटरनेट का उपयोग कर रहे हैं या ऑनलाइन सेवाओं पर निर्भर हैं।
📞 कहां करें शिकायत?
यदि किसी को फर्जी वेबसाइट या स्कैम से संबंधित जानकारी मिले तो वह https://cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कर सकता है या नजदीकी साइबर सेल से संपर्क कर सकता है।
निष्कर्ष:
जैसे-जैसे भारत डिजिटल भारत की दिशा में आगे बढ़ रहा है, वैसे-वैसे साइबर सुरक्षा की जिम्मेदारी भी हर नागरिक पर बढ़ती जा रही है। PIB Fact Check की यह गाइडलाइन सभी को सतर्क रहने, सोच-समझकर क्लिक करने और डिजिटल धोखाधड़ी से सुरक्षित रहने की प्रेरणा देती है।