
नई दिल्ली, 12 अगस्त (एएनआई): पूर्व भारतीय क्रिकेटर और विश्लेषक आकाश चोपड़ा ने रोहित शर्मा और विराट कोहली के संन्यास को लेकर बड़ा बयान दिया है। हाल ही में मीडिया रिपोर्ट्स में दोनों दिग्गज बल्लेबाजों के वनडे क्रिकेट से संन्यास लेने की खबरें आई थीं, जिस पर चोपड़ा का कहना है कि इन खिलाड़ियों ने गलत फॉर्मेट को अलविदा कहा है। उनके अनुसार, मौजूदा समय में वनडे मुकाबले बेहद कम हो रहे हैं, इसलिए इन्हें टेस्ट क्रिकेट छोड़ने के बजाय 50 ओवर के फॉर्मेट को छोड़ना चाहिए था।
शुभमन गिल की कप्तानी में भारत ने हाल ही में इंग्लैंड के खिलाफ 2-2 से ड्रॉ की रोमांचक टेस्ट सीरीज़ खेली। इसके कुछ ही दिन बाद यह चर्चा शुरू हो गई कि रोहित और विराट वनडे टीम से भी बाहर हो सकते हैं और 2027 में दक्षिण अफ्रीका व नामीबिया में होने वाले आईसीसी वनडे विश्व कप में शायद न खेलें। अगर वे इसमें हिस्सा लेना चाहते हैं तो उन्हें घरेलू 50 ओवर क्रिकेट में खेलकर अपनी फिटनेस और फॉर्म साबित करनी होगी।
गौरतलब है कि दोनों खिलाड़ियों ने मई में इंग्लैंड दौरे से पहले ही टेस्ट क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी थी। आकाश चोपड़ा का मानना है कि यह फैसला उल्टा पड़ सकता है। उन्होंने कहा, “सच यह है कि उन्होंने गलत फॉर्मेट को अलविदा कहा। टी20 विश्व कप जीतने के बाद उन्होंने टी20 से दूरी बनाई, लेकिन अगर वे टेस्ट खेलते रहते और वनडे छोड़ देते तो स्थिति अलग हो सकती थी। बीते 12 महीनों में भारत ने सिर्फ छह वनडे मैच खेले हैं, जो चैंपियंस ट्रॉफी से पहले की तैयारी के लिहाज से काफी कम है।”
चोपड़ा ने आगे कहा, “मान लीजिए एक साल में सिर्फ छह टेस्ट खेले जाते हैं, तो यह कुल 30 दिन का क्रिकेट है। वहीं, अगर केवल छह वनडे होते हैं, तो यह केवल छह दिन का खेल है, जो पूरे साल में बिखरा हुआ होता है। आईपीएल के बाद से अगले वनडे तक 100 से अधिक दिनों का अंतर हो सकता है। इतने लंबे अंतराल में न आप खेल रहे होते हैं और न ही अभ्यास कर रहे होते हैं।”
उन्होंने यह भी जोड़ा कि आजकल वनडे सीरीज के बीच का अंतर बेहद ज्यादा हो गया है, जिससे खिलाड़ियों के लिए लय बनाए रखना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में सिर्फ कुछ वनडे खेलकर फॉर्म बरकरार रखना लगभग असंभव है।