
कोलकाता, 27 अक्टूबर 2025 — भारत निर्वाचन आयोग (Election Commission of India) ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) के दूसरे चरण की शुरुआत की घोषणा कर दी है। इसी क्रम में पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) अरिज़ आफ़ताब कल, 28 अक्टूबर को एक अहम प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करने जा रहे हैं, जिसमें राज्यभर में इस पुनरीक्षण की प्रक्रिया, समय-सारणी और नागरिकों की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
📅 पुनरीक्षण की अवधि और मुख्य उद्देश्य
- दूसरा चरण: 27 अक्टूबर से 9 दिसंबर 2025 तक चलेगा।
- अंतिम प्रकाशन: संशोधित मतदाता सूची 22 जनवरी 2026 को जारी की जाएगी।
- उद्देश्य:
- सभी पात्र नागरिकों का नाम सूची में जोड़ना,
- मृत, दोहराए गए या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाना,
- और मतदाता सूची में मौजूद त्रुटियों को सुधारना।
भारत निर्वाचन आयोग के अनुसार, यह प्रक्रिया लोकतंत्र की सबसे बुनियादी कड़ी है। आयोग का मानना है कि अद्यतन और पारदर्शी मतदाता सूची ही निष्पक्ष व विश्वसनीय चुनाव की आधारशिला रखती है।
🏢 प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन
- स्थान: मुख्य निर्वाचन अधिकारी का कार्यालय, कोलकाता
- तारीख: 28 अक्टूबर 2025
- समय: शाम 4 बजे
- मुख्य वक्ता: अरिज़ आफ़ताब, CEO पश्चिम बंगाल
इस प्रेस वार्ता में CEO आफ़ताब राज्य के जिलों में चल रही पुनरीक्षण गतिविधियों की स्थिति बताएंगे, साथ ही यह भी समझाएंगे कि नागरिक अपने नाम जोड़ने या सुधार कराने के लिए किन दस्तावेज़ों की आवश्यकता होगी और यह प्रक्रिया कैसे की जा सकती है।
📌 मतदाताओं के लिए आवश्यक जानकारी
- 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के सभी भारतीय नागरिक मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के पात्र हैं।
- नागरिक अपना आवेदन ऑनलाइन पोर्टल, Voter Helpline ऐप, या अपने बूथ लेवल अधिकारी (BLO) के माध्यम से कर सकते हैं।
- नाम, पता, जन्मतिथि या अन्य विवरणों में सुधार के लिए भी यही माध्यम अपनाए जा सकते हैं।
🔍 डिजिटल पारदर्शिता और नागरिक भागीदारी पर जोर
इस बार निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया को और अधिक डिजिटल, पारदर्शी और सहभागितापूर्ण बनाने के लिए नई तकनीकों को अपनाया है।
- मोबाइल ऐप्स, ऑनलाइन ट्रैकिंग सिस्टम और हेल्पलाइन सेवाओं के माध्यम से नागरिक अपने आवेदन की स्थिति देख सकेंगे।
- आयोग का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र नागरिक मताधिकार से वंचित न रहे और सूची में सभी की सही जानकारी दर्ज हो।
🗣️ लोकतंत्र को सशक्त बनाने की दिशा में कदम
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा है कि यह पुनरीक्षण अभियान केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि लोकतंत्र को मजबूत करने का सामूहिक प्रयास है। उन्होंने नागरिकों से अपील की है कि वे आगे बढ़कर अपने नाम की जांच करें और यदि आवश्यक हो, तो समय रहते अपने विवरण अपडेट कराएं।
🇮🇳 निष्कर्ष:
पश्चिम बंगाल में मतदाता सूची का यह दूसरा विशेष पुनरीक्षण चरण राज्य की लोकतांत्रिक प्रणाली को और अधिक पारदर्शी, सटीक और सहभागी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। नागरिकों की सक्रिय भागीदारी ही इस पहल को सफल बनाएगी और आने वाले चुनावों को और अधिक विश्वसनीय बनाएगी।