त्रिलोकी गौड़ी में सड़क की बदहाल स्थिति और नाली की समस्या से ग्रामीण परेशान, स्कूल जाने वाले बच्चों को हो रही भारी परेशानी
रूमा पांडेय
हिट एंड हॉट न्यूज़ संवाददाता बहराइच
त्रिलोकी गौड़ी। सुजौली बहराइच
ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क और जल निकासी की बेहतर व्यवस्था लोगों के दैनिक जीवन के लिए बेहद जरूरी है, लेकिन जब बुनियादी सुविधाएं ही बदहाल हो जाएं तो आम नागरिकों को अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। त्रिलोकी गौड़ी क्षेत्र में सड़क की खराब स्थिति और नाली की समस्या को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखने को मिल रही है। खासकर स्कूली बच्चों को पढ़ाई के लिए घर से विद्यालय तक पहुंचने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क और नाली की समस्या लंबे समय से लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है, लेकिन इसका स्थायी समाधान नहीं हो पा रहा है।

सड़क की बदहाल स्थिति बनी परेशानी का कारण
त्रिलोकी गौड़ी में रास्ते की खराब हालत के कारण स्थानीय निवासियों को रोजमर्रा के आवागमन में परेशानी उठानी पड़ रही है। सड़क की स्थिति ठीक नहीं होने से पैदल चलने वाले लोगों के साथ-साथ दोपहिया और अन्य वाहनों से आने-जाने वालों को भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। रास्ते की स्थिति ऐसी होने पर बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के लिए आवागमन और अधिक मुश्किल हो जाता है।
ग्रामीणों के अनुसार सड़क का बेहतर रखरखाव नहीं होने से लोगों की परेशानी बढ़ रही है। स्थानीय निवासियों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए सड़क की मरम्मत और आवश्यक निर्माण कार्य जल्द शुरू कराएगा।
नाली की समस्या से रास्ते पर बढ़ रही परेशानी
क्षेत्र में नाली की समस्या भी लोगों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने पर घरों से निकलने वाले पानी के बहाव को लेकर दिक्कतें पैदा होती हैं। यदि पानी की निकासी के लिए व्यवस्थित नाली उपलब्ध न हो तो रास्ते पर गंदा पानी जमा होने की आशंका बनी रहती है।
इससे न केवल रास्ते से गुजरने वाले लोगों को परेशानी होती है, बल्कि आसपास रहने वाले परिवारों को भी असुविधा झेलनी पड़ सकती है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क और नाली की समस्या एक-दूसरे से जुड़ी हुई हैं। जब तक जल निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होगी, तब तक रास्ते की समस्या का स्थायी समाधान करना भी मुश्किल रहेगा।
स्कूल जाने वाले बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी
इस समस्या का सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि इसका असर स्कूल जाने वाले बच्चों पर पड़ रहा है। बच्चे प्रतिदिन पढ़ाई के लिए घर से विद्यालय जाते हैं। ऐसे में खराब रास्ते और नाली के कारण उन्हें आवागमन में कठिनाई होती है।
विशेषकर छोटे बच्चों के लिए असुविधाजनक रास्ते से गुजरना आसान नहीं होता। बरसात के मौसम में स्थिति और खराब होने की आशंका रहती है। रास्ते पर पानी जमा होने, कीचड़ होने या नाली के कारण आवागमन प्रभावित होने पर बच्चों को स्कूल पहुंचने में अधिक समय लग सकता है।
अभिभावकों के लिए भी बच्चों की सुरक्षा चिंता का विषय बनी रहती है। माता-पिता चाहते हैं कि उनके बच्चे बिना किसी परेशानी के सुरक्षित तरीके से विद्यालय पहुंच सकें और छुट्टी के बाद घर लौट सकें। लेकिन रास्ते की खराब स्थिति के कारण उन्हें हर दिन चिंता का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षा के लिए बच्चों को प्रोत्साहित करना तभी सार्थक होगा, जब विद्यालय तक पहुंचने के लिए सुरक्षित और सुविधाजनक रास्ता भी उपलब्ध कराया जाए।
बरसात में बढ़ सकती है समस्या
स्थानीय लोगों के लिए बरसात का मौसम विशेष चिंता का विषय है। यदि सड़क की मरम्मत और नाली का निर्माण समय रहते नहीं कराया गया तो बारिश के दौरान आवागमन की परेशानी बढ़ सकती है। नालियों की उचित व्यवस्था नहीं होने से बारिश का पानी रास्ते पर जमा हो सकता है।
पानी भरने और कीचड़ की स्थिति में पैदल चलना मुश्किल हो जाता है। इससे स्कूली बच्चों के अलावा कामकाज के लिए बाहर जाने वाले ग्रामीणों को भी परेशानी हो सकती है। कई बार ऐसी परिस्थितियों में लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए अतिरिक्त समय लगाना पड़ता है।
इसलिए ग्रामीण चाहते हैं कि समस्या को केवल अस्थायी रूप से नहीं, बल्कि स्थायी योजना के तहत दूर किया जाए।
ग्रामीणों ने संबंधित अधिकारियों से की समाधान की अपेक्षा
त्रिलोकी गौड़ी के लोगों की मांग है कि संबंधित ग्राम पंचायत और जिम्मेदार विभाग क्षेत्र का निरीक्षण कर वास्तविक स्थिति का जायजा लें। सबसे पहले सड़क की मरम्मत कराई जाए और जहां आवश्यकता हो वहां नए सिरे से निर्माण कार्य कराया जाए।
इसके साथ ही नाली का निर्माण इस प्रकार किया जाए कि घरों से निकलने वाला पानी व्यवस्थित तरीके से बाहर निकल सके। नाली का ढलान और निकासी मार्ग भी उचित होना चाहिए, ताकि पानी रास्ते पर जमा न हो।
ग्रामीणों की मांग है कि इस कार्य में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। केवल खानापूर्ति के लिए निर्माण कराने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। सड़क और नाली का निर्माण स्थानीय जरूरतों को ध्यान में रखकर कराया जाना चाहिए।
बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की जरूरत
किसी भी गांव या मोहल्ले के विकास का आकलन वहां उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं से किया जाता है। सड़क, नाली, स्वच्छता और सुरक्षित आवागमन ऐसी आवश्यक सुविधाएं हैं, जिनका सीधा संबंध आम नागरिकों के जीवन से है।
विशेष रूप से विद्यालय जाने वाले बच्चों के लिए सुरक्षित रास्ता उपलब्ध कराना जरूरी है। यदि बच्चे प्रतिदिन खराब रास्ते और जल निकासी की समस्या से जूझते रहेंगे तो इसका असर उनकी दिनचर्या और पढ़ाई पर भी पड़ सकता है।
इसलिए संबंधित अधिकारियों को चाहिए कि बच्चों के आवागमन वाले मार्ग को प्राथमिकता के आधार पर ठीक कराया जाए। जरूरत पड़ने पर अस्थायी व्यवस्था भी की जा सकती है, ताकि निर्माण कार्य पूरा होने तक बच्चों और ग्रामीणों को कम से कम परेशानी हो।
विकास कार्यों की निगरानी भी जरूरी
ग्रामीणों का मानना है कि किसी भी निर्माण कार्य की सफलता केवल बजट जारी होने या काम शुरू होने से तय नहीं होती, बल्कि उसकी गुणवत्ता और उपयोगिता भी महत्वपूर्ण होती है। सड़क और नाली के निर्माण के बाद नियमित निगरानी होनी चाहिए, ताकि भविष्य में दोबारा ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो।
ग्राम पंचायत स्तर पर संबंधित अधिकारियों को स्थानीय लोगों की समस्याएं सुननी चाहिए और प्राथमिकता के आधार पर कार्ययोजना तैयार करनी चाहिए। यदि समस्या का समाधान समय रहते कर दिया जाए तो ग्रामीणों को लंबे समय तक परेशानी नहीं झेलनी पड़ेगी।
अब समाधान का इंतजार कर रहे ग्रामीण
त्रिलोकी गौड़ी में सड़क की बदहाली और नाली की समस्या ने स्थानीय लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। सबसे अधिक चिंता स्कूल जाने वाले बच्चों की परेशानी को लेकर है। ग्रामीण चाहते हैं कि उनकी समस्या को गंभीरता से सुना जाए और जल्द से जल्द आवश्यक निर्माण कार्य कराया जाए।
लोगों की अपेक्षा है कि ग्राम पंचायत, संबंधित विभाग और प्रशासन आपसी समन्वय बनाकर इस समस्या का स्थायी समाधान निकालें। सड़क की मरम्मत और नाली की उचित व्यवस्था होने से न केवल बच्चों का स्कूल तक पहुंचना आसान होगा, बल्कि पूरे क्षेत्र के लोगों को भी राहत मिलेगी।
अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी ग्रामीणों की इस समस्या पर कब ध्यान देते हैं और त्रिलोकी गौड़ी के लोगों को बदहाल रास्ते तथा नाली की परेशानी से कब तक निजात मिल पाती है। स्थानीय निवासियों को उम्मीद है कि उनकी आवाज जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचेगी और क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए जल्द ठोस कदम उठाए जाएंगे।
