भारत ने एक बार फिर वैश्विक रचनात्मक उद्योग (Creative Economy) में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराते हुए BRICS WAVES Bazaar 2026 का सफल आयोजन किया। मुंबई में दो दिनों तक चले इस अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम में 20 BRICS सदस्य और साझेदार देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। यह आयोजन केवल फिल्म, मीडिया और मनोरंजन उद्योग का सम्मेलन नहीं था, बल्कि सांस्कृतिक कूटनीति, व्यापारिक सहयोग और वैश्विक रचनात्मक साझेदारी को नई दिशा देने वाला एक महत्वपूर्ण मंच साबित हुआ।
कार्यक्रम में 900 से अधिक उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जबकि 275 से अधिक बिज़नेस-टू-बिज़नेस (B2B) बैठकें आयोजित की गईं। इन बैठकों में फिल्म निर्माता, स्टूडियो, ब्रॉडकास्टर, फिल्म कमीशन, AVGC (Animation, Visual Effects, Gaming and Comics) कंपनियां, निवेशक, सरकारी प्रतिनिधि और क्रिएटिव उद्यमों ने भविष्य की साझेदारियों और संयुक्त परियोजनाओं पर चर्चा की।
🌍 BRICS WAVES Bazaar 2026 क्या है?
BRICS WAVES Bazaar एक अंतरराष्ट्रीय मंच है, जिसका उद्देश्य BRICS देशों और उनके साझेदार देशों के बीच मीडिया, फिल्म, एनीमेशन, डिजिटल कंटेंट, गेमिंग और रचनात्मक उद्योगों में सहयोग बढ़ाना है।
यह आयोजन भारत की राष्ट्रीय फिल्म विकास निगम (NFDC) और Cinemas of India जैसे प्रमुख संस्थानों के सहयोग से आयोजित किया गया, ताकि वैश्विक स्तर पर भारतीय रचनात्मक उद्योग को नई पहचान मिल सके।
🤝 20 देशों की भागीदारी से बढ़ा आयोजन का महत्व
इस आयोजन में BRICS सदस्य देशों के साथ कई साझेदार देशों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
विभिन्न देशों के प्रतिभागियों ने—
- फिल्म निर्माण
- डिजिटल कंटेंट
- मीडिया वितरण
- एनीमेशन
- गेमिंग
- निवेश
- तकनीकी सहयोग
- सांस्कृतिक आदान-प्रदान
जैसे विषयों पर व्यापक चर्चा की।
इससे अंतरराष्ट्रीय सहयोग को नई गति मिलने की उम्मीद है।
📈 900 से अधिक उद्योग प्रतिनिधियों की मौजूदगी
कार्यक्रम में दुनिया भर से आए 900 से अधिक विशेषज्ञों और उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
इनमें शामिल थे—
- फिल्म निर्माता (Producers)
- फिल्म स्टूडियो
- ब्रॉडकास्टिंग कंपनियां
- OTT और मीडिया संस्थान
- फिल्म कमीशन
- AVGC कंपनियां
- सरकारी प्रतिनिधि
- निवेशक
- क्रिएटिव स्टार्टअप्स
- कंटेंट निर्माता
इस विविध भागीदारी ने आयोजन को वैश्विक स्तर का व्यापारिक और सांस्कृतिक मंच बना दिया।
💼 275+ B2B बैठकों से खुलेंगे नए अवसर
कार्यक्रम की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक 275 से अधिक बिज़नेस-टू-बिज़नेस (B2B) मीटिंग्स रही।
इन बैठकों का उद्देश्य था—
- नई व्यावसायिक साझेदारियां
- संयुक्त फिल्म निर्माण
- कंटेंट वितरण
- तकनीकी सहयोग
- निवेश के अवसर
- वैश्विक बाजार तक पहुंच
विशेषज्ञों का मानना है कि इन बैठकों से आने वाले वर्षों में कई महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय परियोजनाएं शुरू हो सकती हैं।
🎥 फिल्म उद्योग को मिलेगा नया विस्तार
BRICS WAVES Bazaar ने भारतीय फिल्म उद्योग को वैश्विक साझेदारी का नया मंच प्रदान किया।
संयुक्त फिल्म निर्माण (Co-production) के माध्यम से—
- बड़े बजट की फिल्में बन सकेंगी।
- नई तकनीकों का उपयोग बढ़ेगा।
- वैश्विक दर्शकों तक पहुंच आसान होगी।
- सांस्कृतिक विविधता को बढ़ावा मिलेगा।
इससे भारतीय सिनेमा की अंतरराष्ट्रीय पहचान और मजबूत होगी।
🎮 AVGC सेक्टर पर विशेष फोकस
कार्यक्रम में Animation, Visual Effects, Gaming and Comics (AVGC) उद्योग पर भी विशेष ध्यान दिया गया।
आज AVGC भारत की सबसे तेजी से बढ़ती रचनात्मक अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है।
इस क्षेत्र में—
- एनीमेशन स्टूडियो
- गेम डेवलपर
- VFX विशेषज्ञ
- डिजिटल कलाकार
- टेक कंपनियां
ने वैश्विक सहयोग की नई संभावनाओं पर चर्चा की।
🌐 सांस्कृतिक कूटनीति को मिली मजबूती
फिल्म, कला और मीडिया केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं बल्कि देशों के बीच सांस्कृतिक संबंध मजबूत करने का प्रभावी साधन भी हैं।
BRICS WAVES Bazaar ने विभिन्न देशों को अपनी संस्कृति, कहानियां और रचनात्मक प्रतिभा साझा करने का अवसर दिया।
इससे सांस्कृतिक समझ और आपसी विश्वास भी मजबूत होगा।
💰 निवेश और व्यापार को मिलेगा बढ़ावा
ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजनों से विदेशी निवेशकों का विश्वास बढ़ता है।
कार्यक्रम में कई निवेशकों ने भारतीय मीडिया और मनोरंजन उद्योग में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की।
इससे—
- रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
- नए स्टार्टअप विकसित होंगे।
- तकनीकी नवाचार को बढ़ावा मिलेगा।
- वैश्विक व्यापार मजबूत होगा।
🏛️ भारत की वैश्विक भूमिका हुई मजबूत
भारत आज केवल फिल्म निर्माण का बड़ा केंद्र नहीं, बल्कि वैश्विक रचनात्मक उद्योग का एक महत्वपूर्ण साझेदार बनता जा रहा है।
NFDC और Cinemas of India जैसे संस्थानों के सहयोग से आयोजित यह कार्यक्रम भारत की बढ़ती सांस्कृतिक और आर्थिक क्षमता को भी दर्शाता है।
🚀 रचनात्मक अर्थव्यवस्था को नई दिशा
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में Creative Economy विश्व अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा बनेगी।
BRICS WAVES Bazaar जैसे मंच—
- नवाचार को बढ़ावा देंगे।
- वैश्विक कंटेंट निर्माण को गति देंगे।
- डिजिटल अर्थव्यवस्था को मजबूत करेंगे।
- युवा प्रतिभाओं के लिए नए अवसर पैदा करेंगे।
🌟 भविष्य की संभावनाएं
इस आयोजन से भविष्य में—
- नई अंतरराष्ट्रीय को-प्रोडक्शन परियोजनाएं
- कंटेंट एक्सचेंज
- फिल्म शूटिंग सहयोग
- तकनीकी साझेदारी
- सांस्कृतिक आदान-प्रदान
- वैश्विक निवेश
जैसी अनेक संभावनाएं खुलने की उम्मीद है।
✨ निष्कर्ष
BRICS WAVES Bazaar 2026 का सफल आयोजन भारत के लिए रचनात्मक उद्योग, सांस्कृतिक कूटनीति और वैश्विक व्यापार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। 20 देशों की भागीदारी, 900 से अधिक उद्योग प्रतिनिधियों की मौजूदगी और 275 से अधिक B2B बैठकों ने यह साबित किया कि भारत वैश्विक मीडिया और मनोरंजन उद्योग का उभरता हुआ केंद्र बन चुका है।
यह आयोजन केवल व्यावसायिक साझेदारियों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसने अंतरराष्ट्रीय सहयोग, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और रचनात्मक नवाचार की मजबूत नींव रखी है। आने वाले समय में इससे नई फिल्म परियोजनाएं, निवेश, तकनीकी सहयोग और वैश्विक कंटेंट निर्माण को नई गति मिलेगी। भारत की यह पहल देश को विश्व की रचनात्मक अर्थव्यवस्था में अग्रणी स्थान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
