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NEET-UG 2026 काउंसलिंग के लिए छात्रों को बड़ी राहत, यूपी में राउंड-1 रजिस्ट्रेशन की समयसीमा बढ़ी

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प्रयागराज/लखनऊ, 14 अगस्त 2026: उत्तर प्रदेश में मेडिकल और डेंटल कॉलेजों में दाखिले की तैयारी कर रहे NEET-UG 2026 अभ्यर्थियों के लिए महत्वपूर्ण राहत की खबर सामने आई है। उत्तर प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा एवं प्रशिक्षण महानिदेशालय (DGME) ने UP NEET-UG 2026 काउंसलिंग के राउंड-1 की ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया के लिए समयसीमा बढ़ा दी है। संशोधित कार्यक्रम के तहत पात्र अभ्यर्थियों को पंजीकरण और जरूरी दस्तावेज अपलोड करने के लिए अतिरिक्त समय दिया गया है।

यह फैसला उन छात्रों के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है जो किसी कारण से पहले निर्धारित समय में अपना आवेदन पूरा नहीं कर पाए थे। काउंसलिंग के जरिए उत्तर प्रदेश के सरकारी और निजी मेडिकल तथा डेंटल संस्थानों में MBBS और BDS पाठ्यक्रमों की राज्य कोटे की सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

14 अगस्त तक कर सकते हैं रजिस्ट्रेशन

संशोधित कार्यक्रम के अनुसार राउंड-1 के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और जरूरी दस्तावेज अपलोड करने की सुविधा 14 अगस्त 2026 को दोपहर 2 बजे तक उपलब्ध रहेगी। वहीं पंजीकरण शुल्क और सिक्योरिटी मनी जमा करने के लिए अभ्यर्थियों को 14 अगस्त को शाम 5 बजे तक का समय दिया गया है।

इससे पहले रजिस्ट्रेशन की अंतिम तारीख 12 अगस्त बताई गई थी। समयसीमा बढ़ाए जाने से ऐसे अभ्यर्थियों को दोबारा अवसर मिला है जो तकनीकी समस्या, दस्तावेज तैयार न होने या किसी अन्य कारण से समय पर प्रक्रिया पूरी नहीं कर सके थे।

हालांकि, छात्रों को यह ध्यान रखना जरूरी है कि अलग-अलग चरणों की अंतिम समयसीमा अलग है। केवल रजिस्ट्रेशन कर लेना पर्याप्त नहीं माना जाएगा। आवश्यक शुल्क और सिक्योरिटी मनी भी निर्धारित समय के भीतर जमा करनी होगी।

किन पाठ्यक्रमों में मिलेगा प्रवेश?

UP NEET-UG काउंसलिंग के राउंड-1 के माध्यम से मुख्य रूप से MBBS और BDS पाठ्यक्रमों में प्रवेश की प्रक्रिया होगी। इसमें उत्तर प्रदेश के सरकारी और निजी मेडिकल कॉलेजों, डेंटल कॉलेजों तथा संबंधित विश्वविद्यालयों की राज्य कोटे की सीटें शामिल हैं। सीट आवंटन अभ्यर्थी की NEET-UG 2026 योग्यता, मेरिट, उपलब्ध सीटों और भरे गए विकल्पों जैसे कारकों के आधार पर किया जाएगा।

इस प्रक्रिया का महत्व इसलिए भी अधिक है क्योंकि NEET-UG के बाद छात्रों के लिए कॉलेज और पाठ्यक्रम का चयन उनके मेडिकल करियर की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाता है।

ऐसे पूरा करें रजिस्ट्रेशन

पात्र अभ्यर्थियों को सबसे पहले उत्तर प्रदेश की आधिकारिक NEET काउंसलिंग वेबसाइट पर जाना होगा। आधिकारिक पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन से संबंधित लिंक और दिशा-निर्देश उपलब्ध कराए जाते हैं।

रजिस्ट्रेशन की सामान्य प्रक्रिया में अभ्यर्थी को अपने NEET-UG से संबंधित विवरण दर्ज करने होते हैं। इसके बाद आवश्यक प्रमाण-पत्र और दस्तावेज निर्धारित प्रारूप में अपलोड करने होते हैं। आवेदन पूरा करने के बाद निर्धारित रजिस्ट्रेशन शुल्क तथा संबंधित सिक्योरिटी मनी जमा करनी होती है।

आवेदन सबमिट करने के बाद अभ्यर्थियों को रजिस्ट्रेशन फॉर्म और भुगतान की रसीद डाउनलोड करके सुरक्षित रखने की सलाह दी जाती है। भविष्य की काउंसलिंग प्रक्रिया या दस्तावेज सत्यापन के दौरान इनकी जरूरत पड़ सकती है।

दस्तावेजों की जांच पर भी ध्यान जरूरी

काउंसलिंग में केवल ऑनलाइन आवेदन भरना ही पर्याप्त नहीं है। दस्तावेज सत्यापन के दौरान अभ्यर्थी से NEET-UG से संबंधित प्रमाण, पहचान और पात्रता से जुड़े दस्तावेज मांगे जा सकते हैं।

आमतौर पर आवश्यक दस्तावेजों में NEET-UG एडमिट कार्ड, NEET परिणाम/स्कोरकार्ड, डोमिसाइल प्रमाण-पत्र, श्रेणी प्रमाण-पत्र जहां लागू हो, पासपोर्ट साइज फोटो और अन्य जरूरी शैक्षणिक दस्तावेज शामिल हो सकते हैं। अभ्यर्थियों को अपने दस्तावेजों की जानकारी आधिकारिक काउंसलिंग निर्देशों के अनुसार जांचनी चाहिए।

विशेष रूप से आरक्षित श्रेणी के अभ्यर्थियों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका प्रमाण-पत्र निर्धारित नियमों और वैधता के अनुरूप हो। किसी दस्तावेज में गलती या जानकारी में असंगति होने पर आगे की प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।

समयसीमा बढ़ने का क्या फायदा?

काउंसलिंग की समयसीमा बढ़ने से छात्रों को सबसे बड़ा फायदा यह मिला है कि उन्हें आवेदन पूरा करने के लिए अतिरिक्त अवसर मिल गया है। NEET जैसी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा के बाद बड़ी संख्या में विद्यार्थी विभिन्न राज्यों की काउंसलिंग प्रक्रियाओं में हिस्सा लेते हैं। ऐसे में दस्तावेज तैयार करने, पात्रता जांचने और आवेदन प्रक्रिया पूरी करने में कुछ छात्रों को अतिरिक्त समय की आवश्यकता हो सकती है।

उत्तर प्रदेश में राउंड-1 की समयसीमा बढ़ने से उन अभ्यर्थियों को राहत मिली है जो शुरुआती समय में आवेदन पूरा नहीं कर सके। हालांकि, अतिरिक्त समय को अंतिम अवसर मानकर छात्रों को प्रक्रिया जल्द से जल्द पूरी कर लेनी चाहिए।

सीट आवंटन में विकल्पों की भूमिका

काउंसलिंग के अगले चरण में कॉलेज और पाठ्यक्रम के विकल्प महत्वपूर्ण होंगे। अभ्यर्थियों को अपनी प्राथमिकताओं के आधार पर उपलब्ध संस्थानों और पाठ्यक्रमों का चयन करना होता है। सीट आवंटन की प्रक्रिया में NEET रैंक/मेरिट के साथ उपलब्ध सीट और अभ्यर्थी द्वारा दिए गए विकल्पों की भूमिका रहती है।

इसलिए छात्रों के लिए जरूरी है कि वे विकल्प भरते समय जल्दबाजी न करें और अपनी प्राथमिकताओं को स्पष्ट रूप से तय करें। केवल किसी कॉलेज का नाम देखकर विकल्प चुनने के बजाय पाठ्यक्रम, संस्थान, उपलब्ध सीट, फीस और संबंधित आधिकारिक नियमों की जानकारी को ध्यान में रखना उपयोगी रहेगा।

अंतिम समय का इंतजार न करें

समयसीमा बढ़ने के बावजूद छात्रों को अंतिम घंटों में आवेदन करने से बचना चाहिए। अंतिम समय में वेबसाइट पर अधिक ट्रैफिक, भुगतान संबंधी परेशानी या तकनीकी समस्या जैसी स्थितियां सामने आ सकती हैं।

विशेष रूप से शुल्क भुगतान की समयसीमा को लेकर अभ्यर्थियों को सतर्क रहना होगा। संशोधित कार्यक्रम के अनुसार रजिस्ट्रेशन और दस्तावेज अपलोड करने की अंतिम समयसीमा 14 अगस्त दोपहर 2 बजे, जबकि रजिस्ट्रेशन शुल्क और सिक्योरिटी मनी जमा करने की समयसीमा शाम 5 बजे है।

आधिकारिक वेबसाइट से जानकारी जांचें

NEET-UG काउंसलिंग से जुड़ी तारीखों में बदलाव संभव होने के कारण छात्रों को सोशल मीडिया या अनधिकृत वेबसाइटों पर प्रसारित जानकारी के बजाय आधिकारिक सूचना को प्राथमिकता देनी चाहिए। उत्तर प्रदेश की आधिकारिक काउंसलिंग वेबसाइट UPNEET पर रजिस्ट्रेशन और काउंसलिंग से संबंधित सूचनाएं जारी की जाती हैं।

छात्रों के लिए महत्वपूर्ण संदेश

NEET-UG 2026 में सफलता हासिल करने के बाद काउंसलिंग प्रक्रिया उतनी ही महत्वपूर्ण है। रजिस्ट्रेशन में छोटी सी लापरवाही भी आगे की प्रवेश प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती है। इसलिए अभ्यर्थियों को अपना आवेदन सावधानी से भरना चाहिए, दस्तावेजों की दोबारा जांच करनी चाहिए और शुल्क भुगतान के बाद रसीद सुरक्षित रखनी चाहिए।

समयसीमा बढ़ाए जाने को छात्रों के लिए एक अतिरिक्त अवसर के रूप में देखा जा सकता है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि आगे भी तारीख बढ़ेगी। इसलिए पात्र अभ्यर्थियों को संशोधित कार्यक्रम के अनुसार 14 अगस्त 2026 की निर्धारित समयसीमा से पहले रजिस्ट्रेशन, दस्तावेज अपलोड और शुल्क भुगतान की प्रक्रिया पूरी कर लेनी चाहिए।

निष्कर्ष

उत्तर प्रदेश में NEET-UG 2026 राउंड-1 काउंसलिंग के रजिस्ट्रेशन की समयसीमा बढ़ाए जाने से हजारों मेडिकल अभ्यर्थियों को महत्वपूर्ण राहत मिली है। अब जिन छात्रों का आवेदन किसी कारण से अधूरा रह गया था, उन्हें प्रक्रिया पूरी करने का अवसर मिला है। MBBS और BDS में प्रवेश की चाह रखने वाले उम्मीदवारों के लिए यह मौका बेहद महत्वपूर्ण है।

हालांकि, छात्रों को राहत के साथ जिम्मेदारी भी समझनी होगी। निर्धारित समय के भीतर आवेदन पूरा करना, सही दस्तावेज जमा करना और शुल्क का भुगतान करना जरूरी है। काउंसलिंग की हर अगली तारीख और सीट आवंटन से जुड़ी सूचना के लिए आधिकारिक UPNEET पोर्टल को ही अंतिम स्रोत मानना सबसे सुरक्षित रहेगा।

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