रूस के भीषण हमले से दहला यूक्रेन: कीव, खार्किव और कई शहरों पर मिसाइल व ड्रोन हमले, भारी नुकसान

यूक्रेन एक बार फिर रूस के बड़े पैमाने पर किए गए हमलों का सामना कर रहा है। राजधानी कीव सहित देश के कई प्रमुख शहरों पर मिसाइलों और ड्रोन के जरिए किए गए हमलों ने व्यापक तबाही मचाई है। यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार, रूस ने एक ही रात में दर्जनों मिसाइलें और सैकड़ों ड्रोन दागे, जिससे कई नागरिकों की मौत हुई और बड़ी संख्या में लोग घायल हो गए।
कीव पर सबसे बड़ा हमला
यूक्रेन की राजधानी कीव पर रूस ने रातभर लगातार हमले किए। अधिकारियों के अनुसार, राजधानी पर 60 से अधिक मिसाइलें दागी गईं। पूरे देश में रूस द्वारा लगभग 70 मिसाइलों और 611 ड्रोन का इस्तेमाल किया गया। इन हमलों के परिणामस्वरूप कीव में कम से कम चार लोगों की मृत्यु हो गई, जबकि 28 अन्य घायल हुए हैं।
हमलों के बाद बचाव और राहत कार्य लगातार जारी हैं। आपातकालीन सेवाएं प्रभावित क्षेत्रों में मलबा हटाने, घायलों को चिकित्सा सहायता प्रदान करने और नागरिकों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने में जुटी हुई हैं।
ऐतिहासिक कीव-पेचेर्स्क लाव्रा को भी नुकसान
रूसी हमलों का असर केवल नागरिक क्षेत्रों तक सीमित नहीं रहा। कीव-पेचेर्स्क लाव्रा परिसर स्थित डॉरमिशन कैथेड्रल में भी आग लग गई। यह चर्च 11वीं शताब्दी के इतिहास से जुड़ा हुआ है और यूक्रेन की धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण प्रतीक माना जाता है।
यूक्रेनी नेतृत्व ने इस घटना को ईसाई सांस्कृतिक धरोहर पर गंभीर हमला बताया है। हालांकि, राज्य आपातकालीन सेवा ने समय रहते कार्रवाई करते हुए कैथेड्रल की छत पर लगी आग को बुझा दिया और बड़े नुकसान को रोकने का प्रयास किया।
खार्किव में बचावकर्मियों पर दोबारा हमला
पूर्वी यूक्रेन के प्रमुख शहर खार्किव में स्थिति और भी चिंताजनक रही। यहां एक औद्योगिक परिसर पर पहले हुए हमले के बाद जब बचावकर्मी आग बुझाने और राहत कार्यों में लगे हुए थे, तभी रूस ने उसी क्षेत्र पर दोबारा हमला कर दिया।
इस हमले में अब तक पांच लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि नौ अन्य घायल हुए हैं। बचावकर्मियों को निशाना बनाने की इस रणनीति की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी आलोचना की जा रही है, क्योंकि यह मानवीय कानूनों के उल्लंघन के रूप में देखा जाता है।
ड्निप्रो और अन्य क्षेत्रों में भी हमले
मध्य यूक्रेन के शहर ड्निप्रो में भी रूसी हमलों ने कई महत्वपूर्ण स्थानों को निशाना बनाया। रेलवे स्टेशन परिसर, एक कॉलेज और कई औद्योगिक प्रतिष्ठानों को नुकसान पहुंचा है। इसके अतिरिक्त कीव, ड्निप्रो, डोनेट्स्क, ज़ापोरिज्जिया, सुमी और मिकोलेव क्षेत्रों में भी हमलों की खबरें सामने आई हैं।
इन हमलों के कारण बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है और कई क्षेत्रों में सामान्य जीवन प्रभावित हुआ है।
जी-7 देशों से सहायता की अपील
यूक्रेन ने इन हमलों के बाद अंतरराष्ट्रीय समुदाय, विशेष रूप से जी-7 देशों से मजबूत प्रतिक्रिया की मांग की है। यूक्रेनी नेतृत्व का कहना है कि रूस के लगातार हमले यह संकेत देते हैं कि वह युद्ध जारी रखने की मंशा रखता है।
यूक्रेन ने अपने सहयोगी देशों से रूस पर और अधिक आर्थिक एवं राजनीतिक दबाव बनाने तथा वायु रक्षा प्रणाली को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त सहायता उपलब्ध कराने की अपील की है। विशेष रूप से एंटी-बैलिस्टिक रक्षा क्षमताओं को बढ़ाने पर जोर दिया गया है ताकि भविष्य में मिसाइल हमलों से नागरिकों की बेहतर सुरक्षा की जा सके।
निष्कर्ष
रूस और यूक्रेन के बीच जारी संघर्ष एक बार फिर नए स्तर पर पहुंचता दिखाई दे रहा है। कीव, खार्किव और अन्य शहरों पर हुए हालिया हमलों ने न केवल मानव जीवन को नुकसान पहुंचाया है, बल्कि ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों को भी खतरे में डाल दिया है। ऐसे समय में राहत एवं बचाव कार्यों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय सहयोग और कूटनीतिक प्रयासों की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण हो गई है। यूक्रेन को उम्मीद है कि वैश्विक समुदाय उसकी सुरक्षा और संप्रभुता की रक्षा के लिए निर्णायक कदम उठाएगा।
