आईआईएम मुंबई का ऐतिहासिक क्षण: पहले एमबीए बैच (2026) का भव्य दीक्षांत समारोह

भारतीय प्रबंधन शिक्षा के क्षेत्र में एक नया अध्याय तब जुड़ा, जब Indian Institute of Management Mumbai (आईआईएम मुंबई) ने अपने पहले एमबीए बैच (2026) का सफलतापूर्वक दीक्षांत समारोह आयोजित किया। यह संस्थान के इतिहास का एक गौरवपूर्ण और निर्णायक पल रहा, जिसमें कुल 505 छात्रों को डिग्रियां प्रदान की गईं।
यह भव्य समारोह संस्थान के तीसरे वार्षिक दीक्षांत के रूप में आयोजित किया गया, जिसमें देश के प्रमुख उद्योग और शैक्षणिक जगत के दिग्गज शामिल हुए।
प्रेरणादायक संबोधन
समारोह के मुख्य अतिथि Ashish Kumar Chauhan, जो National Stock Exchange के प्रबंध निदेशक और सीईओ हैं, ने छात्रों को संबोधित करते हुए एक प्रेरणादायक संदेश दिया। उन्होंने कहा—
“आत्मविश्वास, उद्देश्य और समाज में बदलाव लाने की प्रतिबद्धता के साथ आगे बढ़ें।”
उन्होंने छात्रों को बदलते समय के अनुसार खुद को ढालने, स्पष्ट सोच रखने और ईमानदारी के साथ अपने करियर को आगे बढ़ाने की सलाह दी।
गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति
इस अवसर पर संस्थान के निदेशक Manoj Kumar Tiwari और चेयरमैन Shashi Kiran Shetty (संस्थापक, Allcargo Group) भी उपस्थित रहे।
प्रोफेसर मनोज कुमार तिवारी ने इस पहले एमबीए बैच पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि ये छात्र विभिन्न उद्योगों में सार्थक बदलाव लाने की क्षमता रखते हैं। वहीं, शशि किरण शेट्टी ने संस्थान के विज़न को दोहराते हुए कहा कि आईआईएम मुंबई भविष्य में एक विश्वस्तरीय संस्थान के रूप में स्थापित होगा।
विविधता से भरपूर बैच
इस ऐतिहासिक बैच में विभिन्न प्रोग्राम्स के छात्र शामिल रहे, जिनका विवरण इस प्रकार है:
- 300 छात्र – जनरल एमबीए
- 177 छात्र – ऑपरेशंस एवं सप्लाई चेन मैनेजमेंट
- 28 छात्र – सस्टेनेबिलिटी मैनेजमेंट
- 39 छात्र – लॉजिस्टिक्स एवं ऑपरेशंस एक्सीलेंस (डिजिटलाइजेशन के माध्यम से)
- 26 छात्र – एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम
- 7 छात्र – डॉक्टोरल (पीएचडी)
यह विविधता इस बात का प्रमाण है कि संस्थान न केवल पारंपरिक प्रबंधन शिक्षा बल्कि आधुनिक और विशेषीकृत क्षेत्रों में भी उत्कृष्टता प्रदान कर रहा है।
नई शुरुआत का प्रतीक
आईआईएम मुंबई का यह दीक्षांत समारोह केवल डिग्री वितरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह छात्रों के जीवन में एक नई यात्रा की शुरुआत का प्रतीक बना। यह वह क्षण था जहां ज्ञान, उद्देश्य और महत्वाकांक्षा एक साथ मिलकर भारत के भविष्य को आकार देने की दिशा में आगे बढ़े।
इस पहले एमबीए बैच की सफलता न केवल संस्थान के लिए, बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। आने वाले समय में ये छात्र विभिन्न क्षेत्रों में नेतृत्व करते हुए भारत की प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।
