रक्षा क्षेत्र में चिकित्सा अनुसंधान और आधुनिक तकनीकों को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए रक्षा राज्य मंत्री ने 9 मई 2026 को नई दिल्ली में “एआईओएस-सशस्त्र बल नेत्र विज्ञान अपडेट 2026” सम्मेलन का उद्घाटन किया। यह दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन सेना अस्पताल (अनुसंधान एवं रेफरल), नई दिल्ली के नेत्र विज्ञान विभाग और अखिल भारतीय नेत्र विज्ञान समिति (एआईओएस) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया।
सम्मेलन का उद्देश्य सशस्त्र बलों में नेत्र चिकित्सा सेवाओं को और अधिक आधुनिक, प्रभावी तथा तकनीकी रूप से सक्षम बनाना है। इस अवसर पर देश-विदेश के सैन्य नेत्र रोग विशेषज्ञों के साथ-साथ प्रसिद्ध नागरिक चिकित्सकों और शोधकर्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम ने सैन्य चिकित्सा सेवाओं और नागरिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों के बीच ज्ञान एवं अनुभव के आदान-प्रदान के लिए एक साझा मंच प्रदान किया।

अपने संबोधन में रक्षा राज्य मंत्री ने कहा कि आधुनिक युद्ध परिस्थितियों और चुनौतीपूर्ण वातावरण में सैनिकों की दृष्टि सुरक्षा अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अत्याधुनिक तकनीक, शोध और नवाचार के माध्यम से सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाओं को और मजबूत बनाया जा सकता है।
सम्मेलन के दौरान नेत्र विज्ञान से जुड़ी नई तकनीकों, कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित उपचार पद्धतियों, जटिल नेत्र सर्जरी, युद्धकालीन नेत्र चोटों के उपचार और अनुसंधान से संबंधित विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत चर्चा की गई। प्रतिभागियों ने आधुनिक चिकित्सा उपकरणों और नवीन उपचार प्रणालियों के प्रदर्शन का भी अवलोकन किया।
यह आयोजन सशस्त्र बल चिकित्सा सेवाओं के इतिहास में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, क्योंकि इससे सैन्य और नागरिक चिकित्सा संस्थानों के बीच सहयोग को नई दिशा मिलेगी। साथ ही, भविष्य में सैनिकों को विश्वस्तरीय नेत्र चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में भी यह सम्मेलन उपयोगी साबित होगा।
