गुजरात के गांधीनगर में स्थित एक शैक्षणिक संस्थान ने कचरा प्रबंधन को लेकर एक ऐसी पहल शुरू की है, जो स्वच्छता और ऊर्जा उत्पादन दोनों के क्षेत्र में मिसाल बन रही है। इस संस्थान में उत्पन्न होने वाले जैविक कचरे का उपयोग कर बायोगैस तैयार की जाती है, जिसका इस्तेमाल प्रतिदिन 500 से अधिक लोगों के लिए भोजन पकाने में किया जा रहा है।
यह पहल स्वच्छ भारत मिशन-शहरी 2.0 के उद्देश्यों को धरातल पर साकार करने का एक सशक्त उदाहरण है। जहां आमतौर...
