जनगणना 2026-27 की तैयारी तेज, संत एंथोनी इंटर कॉलेज में तीन दिवसीय प्रशिक्षण शुरू

प्रतापगढ़। जिले में आगामी जनगणना 2026-27 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में शहर के प्रतिष्ठित संत एंथोनी इंटर कॉलेज में प्रगणक एवं सुपरवाइजरों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस प्रशिक्षण में कुल 165 प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं, जिन्हें जनगणना से जुड़ी तकनीकी और व्यावहारिक जानकारी दी जा रही है।
प्रशिक्षण की गुणवत्ता का लिया जायजा
शुक्रवार को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट/एसडीएम सदर अनुष्का शर्मा ने प्रशिक्षण स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं और प्रशिक्षण की गुणवत्ता का जायजा लिया। उन्होंने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि जनगणना एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य है, जिसे पूरी गंभीरता और जिम्मेदारी के साथ संपन्न करना आवश्यक है।
शंकाओं के समाधान पर विशेष जोर
उन्होंने निर्देश दिए कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागी अपनी सभी शंकाओं का समाधान अवश्य करें, ताकि फील्ड में कार्य करते समय किसी प्रकार की कठिनाई न हो। साथ ही उन्होंने आधुनिक तकनीक के उपयोग पर जोर देते हुए HLO ऐप डाउनलोड कर उसके माध्यम से व्यावहारिक अभ्यास करने के निर्देश भी दिए।
जनगणना की बारीकियों की दी जा रही जानकारी
प्रशिक्षण सत्र में मास्टर ट्रेनरों द्वारा प्रतिभागियों को जनगणना से जुड़ी विभिन्न बारीकियों से अवगत कराया जा रहा है। इसमें परिवार के प्रकार, भवन-परिसर की पहचान, आवासीय एवं गैर-आवासीय मकानों का वर्गीकरण, तथा सही तरीके से डाटा संकलन की प्रक्रिया विस्तार से समझाई जा रही है।
नजरी नक्शा बनाने का प्रशिक्षण
इसके अलावा प्रतिभागियों को नजरी नक्शा (स्केच मैप) बनाने की प्रक्रिया भी सिखाई जा रही है, जिससे क्षेत्र का सही आकलन और व्यवस्थित सर्वेक्षण किया जा सके। प्रशिक्षकों द्वारा उदाहरणों के माध्यम से यह समझाया जा रहा है कि किस प्रकार एक क्षेत्र की पूरी जानकारी को सटीक रूप से दर्ज किया जाए।
अधिकारियों की उपस्थिति
इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी भी मौजूद रहे और प्रशिक्षण कार्यक्रम को सफल बनाने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाई।
प्रशासन की तैयारी मजबूत
जनगणना जैसे महत्वपूर्ण कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए प्रशासन द्वारा इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इससे न केवल कर्मचारियों की दक्षता बढ़ेगी, बल्कि जनगणना के आंकड़ों की शुद्धता और विश्वसनीयता भी सुनिश्चित होगी।
