नवरात्रि और दीपावली से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, उरई और कालपी में आठ खाद्य नमूने लिए गए
अरुण कुमार मिश्रा
हिट एंड हॉट न्यूज़ ब्यूरो चीफ जालौन
त्योहारों के मद्देनजर मिठाई, घी, पनीर, कुट्टू आटा और सिंघाड़े के आटे की जांच; खामियां मिलने पर रेस्टोरेंट संचालक को नोटिस जारी

उरई (जालौन)। नवरात्रि, दशहरा और दीपावली जैसे प्रमुख त्योहारों के नजदीक आते ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है। इसी क्रम में जालौन जिले के उरई और कालपी क्षेत्र में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीमों ने विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण करते हुए छापेमारी अभियान चलाया। इस कार्रवाई के दौरान अलग-अलग दुकानों और प्रतिष्ठानों से कुल आठ खाद्य नमूने एकत्र किए गए। इनमें घी, पनीर, पेड़ा, काजू, मूंगफली दाना, कुट्टू का आटा और सिंघाड़े का आटा जैसे खाद्य पदार्थ शामिल हैं। सभी नमूनों को गुणवत्ता की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है।
अभियान के दौरान एक रेस्टोरेंट में निरीक्षण के समय कमियां पाए जाने पर उसके संचालक को नोटिस जारी किया गया। विभाग का उद्देश्य त्योहारों के दौरान बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर नजर रखना और उपभोक्ताओं को सुरक्षित भोजन उपलब्ध कराना है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर गठित की गईं टीमें
जिलाधिकारी के निर्देश पर सहायक आयुक्त खाद्य-द्वितीय डॉ. सीआर प्रजापति ने खाद्य पदार्थों में मिलावट की आशंका को देखते हुए विशेष जांच अभियान के लिए टीमों का गठन किया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि बाजार में बिकने वाले खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता की जांच की जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाले कारोबारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
त्योहारों के समय मिठाइयों, दुग्ध उत्पादों, सूखे मेवों और व्रत में इस्तेमाल होने वाली खाद्य सामग्री की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में इन उत्पादों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना खाद्य सुरक्षा विभाग की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी बन जाती है। इसी को ध्यान में रखते हुए उरई और कालपी के विभिन्न इलाकों में दुकानों तथा खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की गई।
उरई में रेस्टोरेंट और किराना दुकानों का निरीक्षण
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने उरई के राठ रोड स्थित इंदिरा नगर क्षेत्र में कैफे माहिल किंगडम रेस्टोरेंट का निरीक्षण किया। जांच के दौरान कुछ कमियां सामने आने पर विभाग की ओर से प्रतिष्ठान के संचालक को नोटिस जारी किया गया। नोटिस के माध्यम से संबंधित कमियों के संबंध में नियमानुसार जवाब और आवश्यक सुधार की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
इसके अतिरिक्त कालपी रोड पर स्थित रिलायंस रिटेल लिमिटेड के दीपशिखा होटल से कुट्टू के आटे और सिंघाड़े के आटे के नमूने लिए गए। नवरात्रि के दौरान बड़ी संख्या में लोग व्रत रखते हैं और इन आटों से तैयार खाद्य पदार्थों का सेवन करते हैं। इस कारण इनकी गुणवत्ता की जांच को भी अभियान में शामिल किया गया।
करसान रोड स्थित नया पटेल नगर के ब्रदर्स किराना स्टोर से मूंगफली दाना का नमूना संग्रहित किया गया। वहीं, बल्दाऊ चौक स्थित उरई किराना एंड जनरल मर्चेंट से काजू का नमूना लिया गया। इन नमूनों को प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया है, ताकि संबंधित खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के बारे में जानकारी प्राप्त हो सके।
कालपी क्षेत्र में घी, पनीर और पेड़े की जांच
खाद्य सुरक्षा अभियान का दायरा कालपी तहसील तक भी रखा गया। टरननगंज स्थित सुमित कुमार के प्रतिष्ठान से घी का नमूना लिया गया। इसके अलावा कदौरा बस स्टैंड क्षेत्र में भी खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच की गई।
उपजिलाधिकारी कालपी के नेतृत्व में की गई कार्रवाई के दौरान मां विंध्यवासिनी स्वीट्स से पनीर का नमूना एकत्र किया गया। मां दुर्गा स्वीट्स से पेड़े का नमूना लिया गया, जबकि हरिओम स्वीट्स से भी पनीर का नमूना संग्रहित किया गया।
त्योहारों के दौरान मिठाइयों और दूध से तैयार होने वाले उत्पादों की खपत में वृद्धि होती है। ऐसे में घी, पनीर और पेड़े जैसे खाद्य पदार्थों की जांच का विशेष महत्व है। हालांकि, नमूने लिए जाने का अर्थ यह नहीं है कि संबंधित खाद्य पदार्थों में मिलावट पाई गई है। उनकी गुणवत्ता के बारे में वास्तविक स्थिति प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्पष्ट होगी।
प्रयोगशाला रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, अभियान में एकत्र किए गए सभी आठ नमूनों को संबंधित प्रयोगशाला में परीक्षण के लिए भेज दिया गया है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम तथा लागू नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यदि किसी नमूने में निर्धारित मानकों का उल्लंघन पाया जाता है, तो मामले की प्रकृति और जांच के निष्कर्षों के आधार पर संबंधित कारोबारी के विरुद्ध नियमानुसार कदम उठाए जा सकते हैं। फिलहाल प्रयोगशाला की रिपोर्ट आने तक किसी भी खाद्य पदार्थ को मिलावटी घोषित करना उचित नहीं होगा।
सहायक आयुक्त खाद्य-द्वितीय डॉ. सीआर प्रजापति ने बताया कि जनपद के लोगों को शुद्ध एवं सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए विभाग का अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने खाद्य कारोबारियों को निर्देशित किया कि वे खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता बनाए रखें और किसी भी प्रकार की मिलावट से बचें।
खाद्य सचल प्रयोगशाला के जरिए लोगों को किया जागरूक
खाद्य पदार्थों की जांच के साथ-साथ आम नागरिकों को जागरूक करने पर भी विभाग ने जोर दिया। सोमवार, 12 अक्टूबर 2026 को जालौन चौराहे पर खाद्य सचल प्रयोगशाला के माध्यम से लगभग 18 लोगों को खाद्य सुरक्षा से जुड़ी जानकारी दी गई।
इस कार्यक्रम के दौरान लोगों को सुरक्षित खाद्य एवं पेय पदार्थों के इस्तेमाल के प्रति जागरूक किया गया। उन्हें बताया गया कि भोजन और खाद्य सामग्री खरीदते समय गुणवत्ता, पैकेजिंग, निर्माण एवं समाप्ति तिथि तथा अन्य जरूरी विवरणों पर ध्यान देना चाहिए। खुले में रखे खाद्य पदार्थों की स्वच्छता और उनके सुरक्षित भंडारण के प्रति भी सतर्क रहना आवश्यक है।
त्योहारों के दौरान बाजारों में खाद्य सामग्री की खरीदारी बढ़ने के कारण उपभोक्ताओं की जागरूकता भी महत्वपूर्ण हो जाती है। प्रशासन की ओर से चलाए जा रहे निरीक्षण और जागरूकता कार्यक्रमों का उद्देश्य खाद्य सुरक्षा से संबंधित नियमों के पालन को प्रोत्साहित करना है।
अभियान में शामिल रहे खाद्य सुरक्षा अधिकारी
इस विशेष अभियान में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद कुमार राय के साथ खाद्य सुरक्षा अधिकारी महेश प्रसाद, कन्हैया लाल यादव, सुनील कुमार, झनकार सिंह और अनिल कुमार कटियार शामिल रहे। टीमों ने विभिन्न प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर खाद्य पदार्थों के नमूने एकत्र किए और खाद्य सुरक्षा मानकों के पालन की स्थिति का जायजा लिया।
त्योहारों में शुद्ध खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना प्राथमिकता
नवरात्रि, दशहरा और दीपावली के अवसर पर बाजारों में मिठाई, दूध से बने उत्पादों, सूखे मेवों और व्रत की सामग्री की मांग बढ़ जाती है। ऐसे समय में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए नियमित निरीक्षण और प्रयोगशाला जांच आवश्यक है।
उरई और कालपी में चलाया गया यह अभियान इसी दिशा में उठाया गया कदम है। आठ नमूनों की जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी। वहीं, रेस्टोरेंट में मिली कमियों के संबंध में जारी नोटिस पर आगे की प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि लोगों को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने और खाद्य कारोबारियों को नियमों का पालन कराने के लिए निगरानी जारी रहेगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से त्योहारों के दौरान खाद्य सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और उपभोक्ताओं में जागरूकता बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है।