बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर खड़े ट्रक में जा भिड़ा आलू लदा ट्रक, चालक-हेल्पर घायल
अरुण कुमार मिश्रा
हिट एंड हॉट न्यूज़ ब्यूरो चीफ जालौन
जालौन। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर रविवार रात एक हादसे में आलू से भरा ट्रक सड़क किनारे खड़े खराब ट्रक से टकरा गया। दुर्घटना में आलू लदे वाहन के चालक और उसके हेल्पर को चोटें आईं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों घायलों को एंबुलेंस के जरिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जालौन भिजवाया, जहां उनका उपचार कराया गया। हादसे में किसी की मौत नहीं हुई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार दुर्घटना एक्सप्रेसवे के करीब 203.4 किलोमीटर के पास रात लगभग नौ बजे हुई। आलू से लदा ट्रक इटावा की तरफ से झांसी की ओर जा रहा था। इसी दौरान चालक को कथित तौर पर झपकी आ गई और वाहन अनियंत्रित होकर सड़क के किनारे पहले से खराब हालत में खड़े ट्रक से जा टकराया।
टक्कर के बाद दोनों वाहनों को नुकसान पहुंचा। आलू लदे ट्रक में चालक करीब 40 वर्षीय उमेश यादव निवासी हरसू का नगला, कोतवाली क्षेत्र मैनपुरी तथा लगभग 17 वर्षीय हेल्पर सुनील निवासी दिलीपपुर, मैनपुरी सवार थे। दोनों को दुर्घटना में चोटें आईं।
बताया गया कि आलू लदे ट्रक का पंजीकरण नंबर UP84T7061 है। वाहन इटावा से आलू लेकर झांसी की ओर रवाना हुआ था। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, एक्सप्रेसवे पर सफर के दौरान चालक को नींद आने के कारण यह हादसा हुआ।
जिस ट्रक से टक्कर हुई, उसका नंबर UP12AT6577 बताया गया है। यह वाहन खराब होने के कारण एक्सप्रेसवे के किनारे खड़ा था और उसमें मुजफ्फरनगर से टीकमगढ़ की ओर सरकारी खाद ले जाई जा रही थी। इस ट्रक के चालक जयप्रकाश, निवासी ग्राम वैगराजपुर, थाना मंसूरपुर, मुजफ्फरनगर बताए गए हैं। हादसे के दौरान जयप्रकाश वाहन के पास मौजूद थे और उनके सुरक्षित होने की जानकारी मिली है।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर संभाली स्थिति
हादसे की जानकारी मिलते ही चौकी छिरिया मलकपुरा की पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों का निरीक्षण किया और घायलों की स्थिति की जानकारी लेने के बाद उन्हें अस्पताल भेजने की व्यवस्था कराई। साथ ही एक्सप्रेसवे पर वाहनों की आवाजाही को व्यवस्थित किया गया।
दुर्घटना के बाद कुछ समय के लिए मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस ने लोगों को सड़क से दूर रहने की हिदायत देते हुए यातायात को सुचारु बनाए रखा। राहत की बात यह रही कि हादसे में कोई बड़ी जनहानि नहीं हुई।
नींद को माना जा रहा हादसे का प्राथमिक कारण
पुलिस की प्रारंभिक जानकारी में चालक को नींद आना दुर्घटना की संभावित वजह सामने आई है। हालांकि हादसे के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। रात में लंबी दूरी तय करने वाले वाहन चालकों के लिए थकान और नींद बड़ी चुनौती बन सकती है। ऐसे में वाहन चलाते समय उनींदापन महसूस होने पर सफर रोककर पर्याप्त आराम करना बेहद जरूरी है।
खराब वाहन के पास सुरक्षा इंतजाम जरूरी
एक्सप्रेसवे पर किसी भारी वाहन के खराब होने की स्थिति में उसे सड़क से सुरक्षित दूरी पर खड़ा करने के साथ अन्य जरूरी सुरक्षा उपाय अपनाना महत्वपूर्ण होता है। पीछे से आने वाले चालकों को समय रहते खड़े वाहन की जानकारी मिल सके, इसके लिए चेतावनी संकेत और अन्य सुरक्षा व्यवस्थाएं दुर्घटना की आशंका कम कर सकती हैं।
रविवार रात हुए इस हादसे में समय रहते घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस की मौजूदगी में यातायात व्यवस्था को भी संभाल लिया गया। फिलहाल दोनों घायल उपचार के लिए अस्पताल भेजे गए हैं और मामले में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
हादसे ने एक बार फिर लंबी दूरी के सफर में वाहन चालकों की सतर्कता और पर्याप्त विश्राम की जरूरत को रेखांकित किया है। विशेषकर रात में भारी वाहन चलाने वालों को थकान अथवा नींद महसूस होने पर जोखिम उठाने के बजाय सुरक्षित स्थान पर रुककर आराम करने की सलाह दी जाती है।