यूनिसेफ ने गाजा में बच्चों की मौत पर जताया गहरा शोक, तत्काल युद्धविराम की मांग की🕊️ मानवता की पुकार: संघर्ष के बीच मासूम जिंदगियों की रक्षा जरूरी

गाज़ा | 14 जुलाई 2025 – गाज़ा में पानी के वितरण केंद्र पर सात बच्चों की दर्दनाक मौत के बाद यूनिसेफ (UNICEF) ने एक बेहद सख्त बयान जारी करते हुए तत्काल और स्थायी युद्धविराम की अपील की है। इस हृदयविदारक घटना ने मानवीय संकट की भयावहता को और गहरा कर दिया है।
यूनिसेफ की कार्यकारी निदेशक कैथरीन रसेल ने घटना को “अस्वीकार्य और दिल दहला देने वाला” बताया। उन्होंने कहा कि इन मासूम बच्चों की जान उस वक्त गई जब वे केवल पानी लेने के लिए कतार में खड़े थे। यह घटना उन कई मामलों में से एक है, जिसमें महिलाएं और बच्चे खाद्य और जल जैसी बुनियादी जरूरतों की तलाश में मारे गए हैं।
युद्ध के नियमों की अवहेलना पर चिंता
यूनिसेफ ने अपने बयान में अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून के अनुपालन की आवश्यकता पर जोर दिया है। संगठन ने विशेष रूप से इस बात की मांग की है कि इज़राइल अपनी rules of engagement की समीक्षा करे और यह सुनिश्चित करे कि आम नागरिकों, विशेषकर महिलाओं और बच्चों, की सुरक्षा प्राथमिकता हो — खासकर उन क्षेत्रों में जहां आवश्यक सेवाएं वितरित की जा रही हैं।
बढ़ता मानवीय संकट
गाज़ा में संघर्ष की तीव्रता के कारण राहत कार्य करना लगभग असंभव होता जा रहा है। पीने के पानी, भोजन और चिकित्सा सहायता तक पहुंच अत्यंत खतरनाक हो गई है। इस स्थिति में सबसे अधिक प्रभावित बच्चे हो रहे हैं, जो किसी भी तरह से इस संघर्ष के जिम्मेदार नहीं हैं।
यूनिसेफ की अपील
यूनिसेफ ने दो टूक शब्दों में कहा है कि जब तक युद्धविराम लागू नहीं होता, तब तक सहायता पहुंचाना सुरक्षित और प्रभावी ढंग से संभव नहीं है। एजेंसी ने गाज़ा के बच्चों के लिए अपने समर्थन को दोहराया है लेकिन यह भी स्पष्ट किया है कि उनके प्रयास तभी सफल होंगे जब मानवीय सिद्धांतों का पालन किया जाए और संघर्षविराम सुनिश्चित हो।
राजनीतिक समाधान की जरूरत
यूनिसेफ की यह अपील युद्ध की बढ़ती मानवीय लागत की कड़वी सच्चाई को उजागर करती है। यह दुनिया के नेताओं को याद दिलाने का एक प्रयास है कि अब वक्त आ गया है कि कूटनीतिक समाधान खोजा जाए — ऐसा समाधान जो नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करे और बच्चों को एक सुरक्षित भविष्य प्रदान करे।
