राजस्थान पुलिस का नया कदम: सीएलजी पहल से जनता और पुलिस के बीच मजबूत होता संबंध28 जून 2025, जयपुर

राजस्थान पुलिस ने समाज में कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी तथा पारदर्शी बनाने की दिशा में एक उल्लेखनीय पहल की है। “कम्युनिटी लायज़न ग्रुप” (Community Liaison Group – CLG) नामक इस कार्यक्रम के माध्यम से पुलिस और आम जनता के बीच की दूरी को पाटने का प्रयास किया जा रहा है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य है – विश्वास, संवाद और सहयोग के माध्यम से समाज में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करना।
क्या है सीएलजी (CLG)?
सीएलजी एक संगठित मंच है जहाँ समाज के जागरूक नागरिक स्थानीय पुलिस अधिकारियों के साथ मिलकर अपने क्षेत्र की समस्याओं का समाधान निकाल सकते हैं, छोटे-मोटे विवादों को बातचीत के ज़रिए सुलझा सकते हैं, और जरूरत पड़ने पर पुलिस एवं जनता के बीच पुल का कार्य कर सकते हैं। इस समूह के ज़रिए पुलिसिंग में पारदर्शिता और समावेशिता को बढ़ावा मिलेगा, जिससे जनता का विश्वास भी बढ़ेगा।
सदस्य बनने की प्रमुख शर्तें:
- सामाजिक जागरूकता: इच्छुक व्यक्ति को समाज के प्रति सजग और कल्याणकारी कार्यों में रुचि रखने वाला होना चाहिए।
- स्थानीय निवासिता: केवल उसी थाना क्षेत्र के निवासी को सदस्यता दी जाएगी, जिससे उसकी भागीदारी प्रभावी हो।
- नैतिक चरित्र: आवेदक का चरित्र उत्तम होना चाहिए ताकि वह एक जिम्मेदार और भरोसेमंद प्रतिनिधि बन सके।
- सर्वसमावेशी दृष्टिकोण: यह पहल हर वर्ग के लिए खुली है – चाहे वह शिक्षक हो, दुकानदार, छात्र, समाजसेवी या कोई अन्य नागरिक।
इस पहल के लाभ:
स्थानीय विवादों का जल्दी समाधान
अपराधों की रोकथाम में सहयोग
पुलिस की छवि को जनसामान्य में सकारात्मक बनाना
युवाओं और नागरिकों को सामाजिक जिम्मेदारियों से जोड़ना
राजस्थान पुलिस का नारा, “सीएलजी से जुड़िए, अपने समाज की आवाज़ बनिए”, इस पहल की भावना को सटीक रूप में दर्शाता है। यह पहल राज्य में एक जनकेंद्रित पुलिसिंग मॉडल की ओर संकेत करती है, जहाँ कानून व्यवस्था सिर्फ पुलिस की नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी बनती है।
निष्कर्ष:
सीएलजी न केवल पुलिस और नागरिकों के बीच आपसी विश्वास को मज़बूत कर रहा है, बल्कि यह एक सकारात्मक सामाजिक बदलाव की भी शुरुआत है। राजस्थान पुलिस का यह कदम निश्चय ही पूरे देश के लिए एक आदर्श मॉडल बन सकता है, जहाँ “जनता की भागीदारी से सुरक्षात्मक और उत्तरदायी पुलिसिंग” का सपना साकार होता है।
