फ़रवरी 12, 2026

उत्तर प्रदेश में ‘सड़क सुरक्षा माह’: जीवन और सुरक्षा के लिए जागरूकता अभियान

0

उत्तर प्रदेश सरकार ने जनवरी 2026 को पूरे राज्य में ‘सड़क सुरक्षा माह’ घोषित किया है, जो 31 जनवरी तक चलेगा। यह पहल केवल ट्रैफिक नियमों के पालन तक सीमित नहीं है, बल्कि सड़क पर चलने वाले हर व्यक्ति की सोच और व्यवहार में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसे “सुरक्षित परिवार और सुरक्षित जीवन” का एक विशेष अभियान बताया है।

सड़क सुरक्षा की आवश्यकता

हर साल उत्तर प्रदेश में सड़क हादसों में हज़ारों लोग अपनी जान गंवा देते हैं। तेज गति, लापरवाही, शराब या नशे में वाहन चलाना, और मोबाइल फोन का उपयोग इन हादसों के मुख्य कारण हैं। मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों को याद दिलाया कि सड़क पर हर व्यक्ति के जीवन का सम्मान समान है—चाहे वह वाहन चला रहा हो या पैदल चल रहा हो।

विशेष ज़िलों पर केंद्रित प्रयास

राज्य सरकार ने 20 ज़िलों की पहचान की है, जहां सड़क हादसों की संख्या अधिक है। इन जिलों में विशेष जागरूकता अभियान, ट्रैफिक नियमों की सख्त निगरानी और सड़क सुरक्षा के ठोस उपाय किए जाएंगे, ताकि दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों को कम किया जा सके।

उत्तर प्रदेश की ‘5E’ रणनीति

सड़क सुरक्षा माह को प्रभावी बनाने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने 5E रणनीति अपनाई है:

  • Education (शिक्षा): लोगों को सड़क नियमों और उनके पालन की अहमियत के बारे में जागरूक करना।
  • Enforcement (प्रवर्तन): ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करना।
  • Engineering (सड़क संरचना): दुर्घटनाओं के संभावित स्थानों की पहचान और सुधार।
  • Emergency Care (आपातकालीन सहायता): हादसे के तुरंत बाद प्रभावी चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराना।
  • Evaluation (मूल्यांकन): सड़क सुरक्षा उपायों की नियमित समीक्षा और सुधार।

इस पहल का उद्देश्य सिर्फ नियम लागू करना नहीं है, बल्कि समाज में सड़क सुरक्षा के प्रति जिम्मेदारी और जागरूकता पैदा करना भी है। नागरिकों को सुरक्षित और जिम्मेदार होकर सड़क पर चलने की प्रेरणा देना ही इस अभियान का सबसे बड़ा लक्ष्य है।


प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

इन्हे भी देखें