राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा ने 76वें गणतंत्र दिवस पर देशवासियों को दी शुभकामनाएं

कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा ने रविवार को 76वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर राहुल गांधी ने संविधान के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह हर भारतीय का कर्तव्य है कि वह संविधान का सम्मान करे और उसकी रक्षा करे, क्योंकि यही संविधान हर नागरिक को न्याय, स्वतंत्रता, समानता और मानवीय गरिमा की गारंटी देता है।
राहुल गांधी का संदेश
राहुल गांधी ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए लिखा,
“सभी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं। हमारे महान स्वतंत्रता सेनानियों के मूल्यों पर आधारित हमारा संविधान, जो न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व को प्राथमिकता देता है, भारतीय गणराज्य का गौरव है। यह प्रत्येक भारतीय के लिए एक सुरक्षात्मक कवच है, चाहे वह किसी भी धर्म, जाति, क्षेत्र या भाषा का हो। इसे सम्मान और सुरक्षा देना हम सभी का कर्तव्य है।”
राहुल गांधी का यह संदेश संविधान के प्रति गहरे सम्मान और इसके मूल्यों की रक्षा के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
प्रियंका गांधी वाड्रा का संदेश
प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भारत का संविधान हर नागरिक को समान अधिकार और गरिमा प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान और संघर्ष से मिली आजादी और संविधान को बनाए रखना हम सबका नैतिक दायित्व है।
संविधान की विशेषता पर जोर
दोनों नेताओं ने अपने संदेशों में भारतीय संविधान के महत्व पर जोर दिया। यह संविधान न केवल भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था का आधार है, बल्कि हर नागरिक को समानता और स्वतंत्रता का अधिकार देता है। भारतीय गणतंत्र की इस खास पहचान को बनाए रखना आज के समय में और भी जरूरी हो गया है।
गणतंत्र दिवस का महत्व
गणतंत्र दिवस भारत के लिए एक ऐतिहासिक दिन है, जब 26 जनवरी 1950 को देश में संविधान लागू हुआ और भारत एक गणराज्य बना। यह दिन हर भारतीय को संविधान की भावना का पालन करने और इसे मजबूत बनाए रखने के लिए प्रेरित करता है।
निष्कर्ष
राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा द्वारा दिए गए संदेश भारतीय संविधान और उसके मूल्यों की महत्ता को उजागर करते हैं। उनका यह संदेश न केवल संविधान की रक्षा की जिम्मेदारी को याद दिलाता है, बल्कि हर नागरिक को प्रेरित करता है कि वे अपने कर्तव्यों और अधिकारों को समझें और देश के लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत बनाएं।
