प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गणतंत्र दिवस पर देशवासियों को दी शुभकामनाएं, संविधान निर्माताओं को किया नमन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 76वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए 75 वर्षों के गौरवशाली गणतांत्रिक इतिहास का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने संविधान निर्माताओं और लोकतंत्र की नींव को मजबूत करने वाले महान पुरुषों और महिलाओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।
प्रधानमंत्री का संदेश
प्रधानमंत्री ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा:
“गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं। आज, हम एक गणराज्य के रूप में 75 गौरवशाली वर्षों का जश्न मना रहे हैं। हम उन महान पुरुषों और महिलाओं को नमन करते हैं, जिन्होंने हमारा संविधान बनाया और यह सुनिश्चित किया कि हमारी यात्रा लोकतंत्र, गरिमा और एकता की जड़ों से जुड़ी रहे। इस अवसर पर हम अपने संविधान के आदर्शों को बनाए रखने और एक मजबूत व समृद्ध भारत के निर्माण की दिशा में प्रयास करने की प्रतिज्ञा लें।”
संविधान के आदर्शों पर जोर
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में संविधान के महत्व को रेखांकित करते हुए इसे भारत के लोकतांत्रिक मूल्यों का आधार बताया। उन्होंने कहा कि हमारा संविधान न केवल हमारे देश को एकजुट रखता है, बल्कि हर नागरिक को गरिमा और अधिकार प्रदान करता है।
गणतंत्र दिवस का महत्व
26 जनवरी 1950 को भारत का संविधान लागू हुआ था, जिसने देश को एक संप्रभु, समाजवादी, धर्मनिरपेक्ष और लोकतांत्रिक गणराज्य का दर्जा दिया। यह दिन न केवल संविधान के महत्व को समझने का अवसर है, बल्कि इसके आदर्शों को साकार करने की दिशा में काम करने की प्रेरणा भी देता है।
एक समृद्ध भारत की दिशा में प्रयास
प्रधानमंत्री ने देशवासियों से अपील की कि वे संविधान के आदर्शों को बनाए रखें और एक मजबूत, आत्मनिर्भर और समृद्ध भारत के निर्माण में योगदान दें। उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस का यह अवसर हमें अपनी एकता, विविधता और लोकतांत्रिक मूल्यों को और सशक्त बनाने का अवसर प्रदान करता है।
निष्कर्ष
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संदेश न केवल संविधान की भावना को सम्मान देने का आह्वान करता है, बल्कि देशवासियों को एकजुट होकर भारत को प्रगति की नई ऊंचाइयों पर ले जाने की प्रेरणा भी देता है। गणतंत्र दिवस का यह पर्व हमें अपने कर्तव्यों का पालन करने और देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करता है।
