फ़रवरी 12, 2026

भारतीय शेयर बाजार में तेजी की शुरुआत: भू-राजनीतिक तनाव में राहत और अमेरिकी टैरिफ डेडलाइन पर निवेशकों की नजर

0
Anoop singh

मुंबई, 26 जून 2025 – बुधवार को भारतीय शेयर बाजार ने लगातार तीसरे दिन तेजी के साथ शुरुआत की, जिससे निवेशकों के बीच भरोसे में वृद्धि देखने को मिली। वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव में अस्थायी कमी और अमेरिकी टैरिफ डेडलाइन की ओर बढ़ती निगाहों ने बाजार को दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 सूचकांक 24.20 अंकों की बढ़त (0.10%) के साथ 25,268.95 पर खुला, वहीं बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 130.90 अंकों की बढ़त (0.16%) के साथ 82,886.41 पर पहुंचा।

विदेशी तनाव में राहत से निवेशकों में उत्साह

विश्लेषकों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव में नरमी आने से निवेशक अब घरेलू आर्थिक कारकों पर ध्यान केंद्रित कर पा रहे हैं। कंपनियों के तिमाही नतीजों की उम्मीद, मजबूत आर्थिक संकेतक और सकारात्मक उपभोक्ता धारणा बाजार में स्थिरता बनाए रखने में सहायक हो रही हैं।

अमेरिका की टैरिफ डेडलाइन और फेडरल रिजर्व पर नजर

हालांकि, निवेशकों की नजरें अभी भी 9 जुलाई की अमेरिकी टैरिफ डेडलाइन पर टिकी हैं। यह निर्णय वैश्विक व्यापार पर असर डाल सकता है, जिससे अस्थिरता बढ़ने की आशंका बनी हुई है। इसके साथ ही, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की अगली ब्याज दर नीति भी बाजार की दिशा को प्रभावित कर सकती है।

घरेलू अर्थव्यवस्था बनी हुई है मजबूत

बावजूद इसके, भारतीय अर्थव्यवस्था के मजबूत आधार, जीडीपी वृद्धि दर, विनिर्माण क्षेत्र में तेजी और नियंत्रित महंगाई दर जैसे सकारात्मक संकेत बाजार को सहारा दे रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर वैश्विक कारक अनुकूल बने रहे, तो भारतीय शेयर बाजार में मध्यम अवधि के लिए तेजी जारी रह सकती है।

निष्कर्ष

अभी का बाजार वातावरण एक तरह की संतुलित स्थिति दर्शाता है—जहां एक ओर निवेशकों में सतर्कता है, वहीं दूसरी ओर उम्मीदें भी कायम हैं। वैश्विक घटनाक्रमों के साथ-साथ घरेलू सुधार निवेश के लिए अवसर उत्पन्न कर रहे हैं। आने वाले दिनों में बाजार की दिशा इन दोनों पहलुओं के तालमेल पर निर्भर करेगी।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

इन्हे भी देखें