अवैध पटाखा निर्माण का पुलिस ने किया भंडाफोड़, तीन गिरफ्तार
अरुण कुमार मिश्रा
हिट एंड हॉट न्यूज़ ब्यूरो चीफ जालौन
मुर्गी फार्म के पास छप्पर में चल रहा था कथित कारोबार, 10 किलो 900 ग्राम विस्फोटक पाउडर समेत पटाखा बनाने का सामान बरामद
रामपुरा (जालौन)। दीपावली से पहले अवैध रूप से पटाखा तैयार करने वालों के खिलाफ रामपुरा थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए टीहर गांव में चल रहे कथित अवैध पटाखा निर्माण का खुलासा किया है। पुलिस ने मुर्गी फार्म के पास एक कोठरी के बाहर बने छप्पर में छापेमारी कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री के साथ पटाखा निर्माण में इस्तेमाल होने वाला अन्य सामान भी बरामद किया है।

पुलिस के अनुसार, टीहर गांव में मुर्गी फार्म के आसपास संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिलने के बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। तलाशी के दौरान एक छप्पर में पटाखा बनाने से संबंधित सामग्री रखी मिली। पुलिस का दावा है कि यहां तीन व्यक्ति कथित तौर पर अवैध रूप से पटाखों का निर्माण कर रहे थे।
10 किलो 900 ग्राम विस्फोटक पाउडर बरामद
पुलिस की कार्रवाई के दौरान आरोपियों के कब्जे से कुल 10 किलो 900 ग्राम पीला और सफेद विस्फोटक पाउडर बरामद किए जाने की बात सामने आई है। इसके अलावा मौके से अधबने देशी पटाखे भी मिले। पुलिस ने पटाखा निर्माण में इस्तेमाल होने वाली अन्य सामग्री को भी कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
बरामद सामान में कागज, कपड़े की कतरन, बालू तथा पटाखे तैयार करने के लिए इस्तेमाल होने वाले विभिन्न उपकरण शामिल बताए गए हैं। पुलिस ने मौके से मिली सामग्री को अपने कब्जे में लेकर नियमानुसार कार्रवाई की।
छप्पर के नीचे तैयार किए जा रहे थे पटाखे
पुलिस के मुताबिक जिस स्थान पर कार्रवाई की गई, वहां मुर्गी फार्म के समीप एक कोठरी बनी हुई है। इसी कोठरी के बाहर छप्पर के नीचे कथित रूप से पटाखा बनाने का काम किया जा रहा था। आसपास ग्रामीण क्षेत्र होने के कारण पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की।
अवैध तरीके से विस्फोटक सामग्री का इस्तेमाल कर पटाखा तैयार किए जाने की सूचना पर पुलिस टीम ने परिसर की तलाशी ली। तलाशी के दौरान पटाखा निर्माण से जुड़ी सामग्री मिलने के बाद तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया।
तीन आरोपियों की गिरफ्तारी
रामपुरा थाना पुलिस ने मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ संबंधित कानूनी धाराओं के तहत मामला दर्ज करते हुए आगे की कार्रवाई शुरू की। पुलिस के मुताबिक पूछताछ और बरामद सामग्री के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों के खिलाफ पहले से भी मामला दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। ऐसे में पुलिस उनके पूर्व रिकॉर्ड और इस मामले में उनकी भूमिका की भी जांच कर रही है।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठे सवाल
ग्रामीण इलाकों में बिना अनुमति या सुरक्षा मानकों के विस्फोटक सामग्री के साथ पटाखा तैयार करना गंभीर खतरा पैदा कर सकता है। खासतौर पर आबादी के नजदीक इस प्रकार की गतिविधि होने पर दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। पुलिस की कार्रवाई के बाद इलाके में इस तरह के अवैध कारोबार को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
स्थानीय स्तर पर भी पुलिस की इस कार्रवाई को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में अक्सर पटाखों की मांग को पूरा करने के लिए छोटे स्तर पर निर्माण किए जाने की शिकायतें सामने आती हैं। हालांकि किसी भी स्थान पर विस्फोटक सामग्री रखने और उसका इस्तेमाल करने से पहले निर्धारित नियमों और सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी होता है।
दीपावली से पहले पुलिस की सतर्कता बढ़ी
दीपावली का त्योहार नजदीक आने के साथ ही पटाखों की मांग बढ़ जाती है। ऐसे समय में अवैध रूप से पटाखा निर्माण और भंडारण की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ाना पुलिस और प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण हो जाता है। रामपुरा पुलिस की यह कार्रवाई भी इसी दिशा में उठाया गया कदम मानी जा रही है।
पुलिस ने बरामद सामग्री को कब्जे में लेकर मामले की कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई है। गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेजे जाने की जानकारी पुलिस ने दी है।
पूरे मामले की जांच जारी
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद सामग्री कहां से लाई गई थी और तैयार किए जा रहे पटाखों को कहां सप्लाई किया जाना था। इसके अलावा यह भी जांच का विषय है कि इस गतिविधि में आरोपियों के अलावा कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं।
पुलिस की जांच में यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल तीनों गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ दर्ज मुकदमे की विवेचना जारी है।
रामपुरा थाना क्षेत्र के टीहर गांव में हुई इस कार्रवाई ने अवैध पटाखा निर्माण के खतरे को एक बार फिर सामने ला दिया है। पुलिस की ओर से बरामद विस्फोटक सामग्री और पटाखा निर्माण के उपकरणों की जांच की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में इस तरह की गतिविधियों पर निगरानी बनाए रखी जाएगी, ताकि किसी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके।