37 वर्षों की सेवा के बाद सेवानिवृत्त हुए होमगार्ड प्रेमचन्द्र गुप्त, महुली थाने में आयोजित हुआ सम्मान समारोह
अमरेश त्रिपाठी
हिट एंड हॉट न्यूज़ ब्यूरो चीफ कानपुर देहात
संतकबीरनगर। जनपद संतकबीरनगर के थाना महुली परिसर में गुरुवार को एक भावुक विदाई समारोह का आयोजन किया गया। अवसर था लंबे समय तक पुलिस एवं प्रशासन के साथ अपनी सेवाएं देने वाले होमगार्ड जवान प्रेमचन्द्र गुप्त की अधिवर्षता आयु पूर्ण होने पर सेवानिवृत्ति का। थाना महुली के पुलिस परिवार ने उनके सम्मान में समारोह आयोजित कर सेवाकाल के दौरान उनके योगदान को याद किया और उनके आगामी जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं।

यह कार्यक्रम पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर श्री संदीप कुमार मीना के निर्देशन में आयोजित हुआ। समारोह में थाना महुली के अधिकारियों, कर्मचारियों, होमगार्ड तथा पीआरडी जवानों ने हिस्सा लिया। सेवानिवृत्त हो रहे होमगार्ड जवान को पुष्पमाला पहनाकर, अंगवस्त्र एवं स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।
करीब चार दशक तक निभाई जिम्मेदारी
प्रेमचन्द्र गुप्त ने वर्ष 1989 में होमगार्ड विभाग में अपनी सेवा शुरू की थी। लगभग 37 वर्षों के लंबे सेवाकाल के दौरान उन्होंने पुलिस और प्रशासन के साथ मिलकर विभिन्न जिम्मेदारियों का निर्वहन किया। कानून-व्यवस्था से जुड़े कार्यों के साथ-साथ जनसेवा और पुलिस व्यवस्था में सहयोग करना उनके दायित्वों का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।
दिनांक 30 सितंबर 2026 को उन्होंने 60 वर्ष की अधिवर्षता आयु पूरी कर ली, जिसके बाद वह सम्मानपूर्वक सेवा से सेवानिवृत्त हुए। इसी उपलक्ष्य में 1 अक्टूबर को थाना महुली परिसर में विदाई कार्यक्रम आयोजित किया गया।
थाना प्रभारी ने सराहा सेवाकाल
विदाई समारोह के दौरान थाना प्रभारी महुली दुर्गेश कुमार पाण्डेय ने प्रेमचन्द्र गुप्त के सेवाकाल का उल्लेख करते हुए उनके योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि सरकारी सेवा में निर्धारित आयु पूरी होने के बाद कर्मचारी औपचारिक रूप से सेवा से अलग हो जाता है, लेकिन लंबे समय तक निभाई गई जिम्मेदारियों की स्मृतियां सहकर्मियों के बीच बनी रहती हैं।
थाना प्रभारी ने उनके कर्तव्य के प्रति समर्पण, अनुशासन और कार्य के प्रति जिम्मेदार रवैये को याद किया। उन्होंने कहा कि किसी भी विभाग में लंबे समय तक ईमानदारी और निरंतरता के साथ जिम्मेदारी निभाना अपने आप में महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
सहकर्मियों ने साझा किए अनुभव
समारोह में मौजूद पुलिसकर्मियों और होमगार्ड जवानों ने भी प्रेमचन्द्र गुप्त के साथ बिताए सेवाकाल से जुड़े अनुभव साझा किए। वक्ताओं ने उनके सरल व्यवहार, समयपालन, सहयोग की भावना और कर्तव्य के प्रति प्रतिबद्धता का उल्लेख किया।
सहकर्मियों ने कहा कि लंबे समय तक किसी संस्थान का हिस्सा रहने के बाद विदाई का क्षण भावुक करने वाला होता है। प्रेमचन्द्र गुप्त के साथ कार्य करने वाले कर्मचारियों ने उनके व्यवहार और कार्यशैली से जुड़े अनुभव साझा करते हुए उनके स्वस्थ एवं सुखद भविष्य की कामना की।
पुष्पमाला, अंगवस्त्र और स्मृति-चिह्न से सम्मान
विदाई समारोह में थाना महुली पुलिस परिवार की ओर से सेवानिवृत्त होमगार्ड जवान को सम्मानित किया गया। उन्हें पुष्पमाला पहनाई गई और अंगवस्त्र तथा स्मृति-चिह्न भेंट किया गया। सम्मान मिलने पर समारोह का माहौल भावुक हो गया।
इस अवसर पर उपस्थित पुलिसकर्मियों और अन्य जवानों ने प्रेमचन्द्र गुप्त के आगामी जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं। सभी ने उनके स्वस्थ रहने, परिवार के साथ सुखपूर्वक जीवन बिताने और दीर्घायु होने की कामना की।
पुलिस व्यवस्था में होमगार्ड की भूमिका
पुलिस व्यवस्था में होमगार्ड जवानों की भूमिका सहयोगी बल के रूप में महत्वपूर्ण रहती है। कानून-व्यवस्था, यातायात व्यवस्था, सुरक्षा संबंधी जिम्मेदारियों तथा विभिन्न प्रशासनिक कार्यों में होमगार्ड जवान पुलिस विभाग के साथ समन्वय करते हैं।
प्रेमचन्द्र गुप्त का लंबा सेवाकाल भी इसी जिम्मेदारी से जुड़ा रहा। करीब 37 वर्षों तक उन्होंने विभागीय दायित्वों को निभाते हुए पुलिस एवं प्रशासन के साथ समन्वय बनाया। उनके सेवानिवृत्त होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम इसी लंबे सेवाकाल के सम्मान का प्रतीक रहा।
कई अधिकारी और जवान रहे मौजूद
थाना महुली परिसर में आयोजित विदाई समारोह में बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी, होमगार्ड और पीआरडी जवान उपस्थित रहे। कार्यक्रम में वरिष्ठ उपनिरीक्षक परवेज अहमद, उपनिरीक्षक सोमनाथ मिश्रा, मुख्य आरक्षी अजय मद्धेशिया, आरक्षी ऋषभ शुक्ला, एसीसी जामवंत चौधरी, पीसी राकेश कुमार गुप्ता, ब्लॉक कमांडर विजय कुमार यादव, पीआरडी जवान दुर्गेश यादव, मदनलाल और राधेश्याम तिवारी सहित थाना महुली के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
सभी ने सेवानिवृत्त होमगार्ड जवान को शुभकामनाएं देते हुए उनके सेवाकाल को याद किया। समारोह के दौरान विभागीय सहयोगियों ने उनके अनुभवों और सेवाभाव की चर्चा की।
सम्मान के साथ नई शुरुआत
सेवानिवृत्ति किसी भी कर्मचारी के जीवन में एक महत्वपूर्ण पड़ाव होता है। वर्षों तक नियमित जिम्मेदारियां निभाने के बाद जब सेवा का औपचारिक अध्याय समाप्त होता है तो उसके साथ जीवन का एक नया चरण शुरू होता है। प्रेमचन्द्र गुप्त के लिए भी 30 सितंबर 2026 को लगभग 37 वर्षों की सरकारी सेवा का अध्याय पूरा हुआ।
महुली थाना परिसर में आयोजित विदाई समारोह ने उनके सेवाकाल को सम्मान के साथ याद करने का अवसर दिया। पुलिस परिवार की ओर से मिले सम्मान और शुभकामनाओं के बीच उन्होंने अपने सहकर्मियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
समारोह में मौजूद पुलिसकर्मियों एवं जवानों ने कहा कि सेवा से विदाई के बावजूद प्रेमचन्द्र गुप्त के साथ बिताए समय और उनके कार्य से जुड़ी यादें लंबे समय तक साथ रहेंगी। कार्यक्रम का समापन उनके स्वस्थ, शांतिपूर्ण, सुखमय और दीर्घायु जीवन की कामना के साथ हुआ।